2040 तक AI के लिए जरूरी होंगे करीब 4.75 लाख अरब रुपये, सॉफ्टबैंक का अनुमान
सॉफ्टबैंक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) मसयोशी सोन का मानना है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को विकसित करने और आगे बढ़ाने के लिए 2040 तक हर साल करीब 5,000 अरब डॉलर (करीब 4.75 लाख अरब रुपये) के बड़े निवेश की जरूरत होगी।
उन्होंने 'AI बबल' को लेकर जताई जा रही चिंताओं को निराधार बताया। सोन का कहना है कि उस समय तक AI पूरी दुनिया के सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का 20 प्रतिशत हिस्सा बन सकता है।
एक लाख अरब AI एजेंट्स होने का अनुमान
AI की दौड़ में अपनी मजबूत जगह बनाने के लिए सॉफ्टबैंक ने OpenAI, रोबोटिक्स और डाटा सेंटर्स में अरबों डॉलर का निवेश किया है।
सोन बताते हैं कि 2040 तक डाटा सेंटर्स को चलाने के लिए हमें बहुत अधिक बिजली लगभग 3 टेरावॉट ऊर्जा की जरूरत पड़ेगी। यह आज दुनियाभर में इस्तेमाल होने वाली कुल बिजली का लगभग दोगुना है।
उनका सोचना है कि ये डाटा सेंटर्स शुरुआत में तो गैस से चलेंगे, लेकिन बाद में स्वच्छ ऊर्जा के लिए न्यूक्लियर फ्यूजन पर आधारित हो जाएंगे।
दूरगामी भविष्य की कल्पना करते हुए सोन एक बहुत बड़े बदलाव की उम्मीद कर रहे हैं। एक लाख अरब स्वतंत्र AI एजेंट एक ऐसी दुनिया को आकार देंगे, जहां एजेंट्स की ही मुख्य भूमिका होगी। वीवर्क जैसी पिछली गलतियों के बावजूद वे AI से होने वाले इन क्रांतिकारी बदलावों को लेकर अभी भी काफी आशावादी हैं।