KPMG ऑस्ट्रेलिया करेगी करीब 400 कर्मचारियों की छंटनी
KPMG ऑस्ट्रेलिया करीब 400 कर्मचारियों की छंटनी करने जा रही है। इनमें कंपनी के पार्टनर और कंसल्टिंग विभाग के लोग भी शामिल हैं।
यह फैसला इसकी सालाना आय में हल्की गिरावट के बाद लिया गया है। कंपनी ने बताया है कि इस छंटनी की मुख्य वजह सरकारी अनुबंधों का कम मिलना है।
साथ ही, इसने चेतावनी दी है कि धीमी आर्थिक रफ्तार कम से कम 2028 तक बनी रह सकती है, जिससे क्लाइंट्स और कंपनी दोनों के लिए चुनौतियां बढ़ेंगी।
व्हिसलब्लोअर स्कैंडल के बाद नए CEO की नियुक्ति
यह छंटनी ऐसे समय हो रही है, जब इस साल की शुरुआत में कंपनी एक व्हिसलब्लोअर स्कैंडल से जूझ रही थी। उस स्कैंडल में क्लाइंट्स की गोपनीय जानकारी के गलत इस्तेमाल का मामला सामने आया था।
इसके बाद कंपनी के कामकाज, उसकी संस्कृति, नैतिकता और ईमानदारी की जांच शुरू हुई। इस जांच के नतीजों के बाद कई बड़े अधिकारियों को इस्तीफा देना पड़ा, , जिनमें पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) भी शामिल थे।
अब कंपनी के नए CEO जॉन सैम्स का कहना है कि उनका पूरा ध्यान कंपनी में ग्राहकों का भरोसा फिर से बनाने और कामकाज को बेहतर करने पर है।
कंसल्टिंग विभाग की आय में 17 फीसदी गिरावट
एक तरफ जहां कंसल्टिंग विभाग की आय में 17 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है, वहीं KPMG के टैक्स और लीगल, ऑडिट और अश्योरेंस जैसे क्षेत्रों में अच्छी ग्रोथ देखी गई।
कंपनी ने अब खुद को संभालने के लिए कदम उठाए हैं। इसके तहत उसने 30 सितंबर तक सरकारी अनुबंधों के लिए बोली लगाना बंद कर दिया है।
इसके अलावा, कंपनी अपनी ग्लोबल नेटवर्क से बेहतर तालमेल बिठाने के लिए अपने ढांचे में बदलाव कर रही है।