इंडिगो ने की ड्रीमलाइनर्स विमानों को सेवा से हटाने की घोषणा
भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो 25 अक्टूबर तक अपने बोइंग 787-9 ड्रीमलाइनर्स विमानों को सेवा से हटा देगी। कंपनी का यह फैसला उसकी अंतरराष्ट्रीय उड़ान रणनीति में एक बड़ा बदलाव लाएगा।
पिछले साल उसने वाइड-बॉडी विमानों से उड़ानें शुरू तो की थीं, लेकिन उसे कई मुश्किलों का सामना करना पड़ा। पाकिस्तान के एयरस्पेस बंद होने और पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्षों के कारण उड़ान मार्ग काफी जटिल हो गए थे।
पाकिस्तान एयरस्पेस बंद होने से रूट रद्द
अप्रैल, 2025 में जब पाकिस्तान ने अपना एयरस्पेस बंद किया तो कंपनी के लिए हालात काफी मुश्किल हो गए। इंडिगो को अपनी यूरोपियन उड़ानें दिल्ली के बजाय मुंबई से शुरू करनी पड़ीं।
इससे यात्रा का समय भी बढ़ गया और लागत भी ज्यादा आने लगी। साथ ही, पश्चिम एशिया में चल रहे संघर्षों की वजह से उड़ान के कई विकल्प खत्म हो गए।
नतीजतन, इस साल की शुरुआत में इंडिगो की उड़ानों की संख्या में लगभग 20 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। मजबूरन, इंडिगो को कोपेनहेगन की उड़ानें बंद करनी पड़ीं।
इसके अलावा, मैनचेस्टर के लिए उड़ानों को रद्द करने की घोषणा की गई है, जो अगस्त के अंत से लागू होगी। इन फैसलों के बाद इंडिगो के सिर्फ 3 यूरोपियन रूट ही ऑपरेशनल रह जाएंगे।
अगले साल से A350 का इस्तेमाल करेगी
ड्रीमलाइनर्स को सेवा से हटाए जाने और केवल 6 लीज पर लिए गए वाइड-बॉडी विमान उपलब्ध होने के चलते बढ़ते ईंधन की कीमतों ने कंपनी के लिए मुनाफा कमाना और भी मुश्किल कर दिया।
इन सब वजहों से अब इंडिगो ने अपनी रणनीति में बदलाव किया है। कंपनी 2027 से अपने नए एयरबस A350-900 विमानों पर ध्यान देगी।
फिलहाल, एम्स्टर्डम की उड़ानें छोटे A321XLR जेट विमानों से संचालित होंगी, जबकि लंदन की सेवाएं इन नए A350 विमानों के आने का इंतजार करेंगी।