भारतीय स्टार्टअप्स ने इस सप्ताह जुटाए करीब 2,000 करोड़ रुपये
भारतीय स्टार्टअप्स के लिए यह सप्ताह काफी मजबूत रहा है। उन्होंने 26 अलग-अलग सौदों के जरिए कुल 21.86 करोड़ डॉलर (करीब 2,000 करोड़ रुपये) की फंडिंग जुटाई, जो पिछले सप्ताह के आंकड़ों से 10 फीसदी कम है।
इस सप्ताह केवल फंडिंग ही नहीं हुई, बल्कि और भी कई बड़ी गतिविधियां देखने को मिलीं। 2 कंपनियों के विलय और अधिग्रहण (M&A) सौदे हुए, 7 बड़े पदों पर नई नियुक्तियां हुईं।
दूसरी तरफ, करीब 350 कर्मचारियों को नौकरी से निकाला गया। दरअसल, कुछ कंपनियों ने अपनी रणनीति में बदलाव किया, जिसका असर कर्मचारियों पर पड़ा।
हेल्थिफाई का बेरी स्ट्रीट के साथ हुआ विलय
इस सप्ताह थर्ड वेव कॉफी ने वेस्टब्रिज कैपिटल की अगुवाई में 4.3 करोड़ डॉलर (करीब 405 करोड़ रुपये) की फंडिंग जुटाई, वहीं इलेक्ट्रिक बाइक बनाने वाली कंपनी मैटर को हेलेना और जापान एयरलाइंस से 2.5 करोड़ डॉलर (करीब 230 करोड़ रुपये) मिले।
शुरुआती दौर की फंडिंग में एयरबाउंड ने 3.7 करोड़ डॉलर (करीब 350 करोड़ रुपये) और रनेबल ने 2.1 करोड डॉलर (करीब 200 करोड़ रुपये) की रकम जुटाई।
इसी दौरान, टेंपल ने अपनी क्लिनिकल टेक्नोलॉजी को बेहतर बनाने के लिए यूनाइटेड किंगडम (UK) की कंपनी लोंगवस को खरीद लिया। दूसरी ओर, हेल्थिफाई का अमेरिका की बेरी स्ट्रीट के साथ विलय हो गया, वहीं ईवन हेल्थकेयर ने अपनी टीम में छंटनी की क्योंकि कंपनी अब अस्पताल-आधारित मॉडल पर ज्यादा ध्यान दे रही है।