सरकार ने खाद्य तेलों पर घटाया आयात शुल्क, त्योहारी सीजन में महंगाई का बोझ होगा कम
भारत ने सोयाबीन, मूंगफली, जैतून और पाम तेल जैसे कई अहम खाद्य तेलों पर आयात शुल्क घटाया है। ऐसा बढ़ती वैश्विक कीमतों के बीच खाने-पीने की चीजों के दाम काबू में रखने के लिए किया गया है। ये नई दरें तुरंत लागू हो गई हैं।
त्योहारों का मौसम शुरू होने वाला है, ऐसे में जब आम तौर पर किराने का सामान महंगा हो जाता है। यह फैसला बिल्कुल सही समय पर लिया गया है।
किसानाें को आमदनी घटने की चिंता
कच्चे सोयाबीन तेल और कच्चे पाम तेल पर शुल्क 10 फीसदी से घटाकर 5 फीसदी कर दिया गया है, वहीं मूंगफली और जैतून तेल का शुल्क 32.5 फीसदी से कम होकर 27.5 फीसदी हो गया है।
इंडियन वेजिटेबल ऑयल प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन इस बात से खुश है कि अब ग्राहकों को सस्ते दाम में तेल मिल पाएगा, लेकिन कुछ किसानों को चिंता है कि इस कदम से उनकी आमदनी को नुकसान पहुंच सकता है या फिर भविष्य के व्यापार समझौतों पर इसका असर पड़ सकता है।
इसके साथ ही, इंडोनेशिया के नियमों में बदलाव के कारण पाम तेल के दाम ऊंचे बने रहने की भी आशंका जताई जा रही है।