भारत स्विस घड़ियों के लिए बना 15वां सबसे बड़ा बाजार, आयात 2,000 करोड़ रुपये के पार
भारत इस साल स्विस घड़ियों के वैश्विक बाजार में 15वें स्थान पर आ गया है। इस साल की पहली छमाही में देश ने 2 लाख घड़ियों का आयात किया, जो पिछले साल से करीब 37 फीसदी ज्यादा है।
इस उछाल की मुख्य वजह पहली बार घड़ी खरीदने वाले ग्राहक, शुल्क कम करने वाला एक व्यापार समझौता और देशभर में खुल रहे नए लग्जरी घड़ी स्टोर हैं।
आयात 31 फीसदी से ज्यादा बढ़ा
इन घड़ियों की कुल कीमत भी 31 फीसदी से ज्यादा बढ़कर करीब 2,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। एक तरफ जहां दुनियाभर में स्विस घड़ियों की मांग में थोड़ी कमी आई है, वहीं भारत का बाजार बहुत तेजी से आगे बढ़ रहा है।
खासकर 10 लाख रुपये से ज्यादा कीमत वाली महंगी घड़ियों की जबरदस्त मांग देखी जा रही है। रोलेक्स और ओमेगा जैसे बड़े ब्रांड्स का प्रदर्शन लगातार शानदार बना हुआ है।
इथोस जैसे रिटेलर्स नए स्टोर्स खोलने पर जोर दे रहे हैं क्योंकि भारतीय ग्राहकों में प्रीमियम घड़ियों का क्रेज बढ़ रहा है।