भारत-EU निवेश सुरक्षित करने के लिए कर रहे नया समझौता
बिज़नेस
भारत और यूरोपीय संघ (EU) मिलकर एक निवेश संरक्षण समझौता कर रहे हैं। इसका मकसद कंपनियों के लिए एक-दूसरे के देशों में निवेश करना ज्यादा सुरक्षित और निष्पक्ष बनाना है।
इसके साथ ही दोनों एक भौगोलिक संकेत (GI) समझौते पर भी काम कर रहे हैं। यह समझौता दार्जिलिंग चाय या बासमती चावल जैसे खास भारतीय उत्पादों को कहीं और कॉपी होने से बचाएगा।
समझौते दिसंबर के बाद सामने आएंगे
ये समझौते बड़े मुक्त व्यापार वार्ताओं का हिस्सा हैं। भारत में पहले से ही करीब 6,000 यूरोपीय कंपनियां काम कर रही हैं। ऐसे में ज्यादा मजबूत सुरक्षा उपाय निवेशकों का भरोसा बढ़ा सकते हैं और नए व्यापार के मौके खोल सकते हैं।
अगर, सब कुछ योजना के मुताबिक चला तो दिसंबर तक अंतिम व्यापार समझौता होने के बाद ये दोनों समझौते अगले साल लागू हो जाएंगे।