IMF प्रमुख ने AI को बिना नियमों के बताया फॉर्मूला वन से भी खतरनाक रेस
अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष (IMF) की प्रमुख क्रिस्टलीना जॉर्जीवा ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर सभी को सचेत करते हुए कहा है कि बिना कड़े नियमों और नैतिकता के यह तकनीक समस्या सुलझाने के बजाय और ज्यादा मुश्किलें पैदा कर सकती है।
बैंकॉक में IMF और विश्व बैंक की बैठक के दौरान उन्होंने AI को विकसित करने की मौजूदा होड़ की तुलना एक ऐसी फॉर्मूला वन रेस से की, जिसमें कोई सुरक्षा घेरा नहीं होता। यह रेस तेज तो है, लेकिन बहुत खतरनाक भी।
उनके अनुसार, कंपनियों को अपने स्तर पर ही नियम बनाने चाहिए, जिसमें सरकारें भी बातचीत और सुझावों के जरिए शामिल हों।
एंथ्रोपिक ने भी किया समर्थन
बैठक में आए अन्य लोगों की भी यही राय रही कि AI के लिए कुछ बुनियादी नियम बनाना बहुत जरूरी है। एंथ्रोपिक के सह संस्थापक जैक क्लार्क ने कहा कि बिना किसी नियम के इसको बनाना पूरी रफ्तार से बिना ब्रेक के दौड़ने जैसा है।
इसी बीच, अमेरिकी अधिकारी इस बात पर भी जोर दे रहे हैं कि तकनीक अर्थव्यवस्था को कैसे आगे बढ़ा सकती है। वे इसे 'सुपर इंटेलिजेंस' नाम देने पर भी विचार कर रहे हैं, ताकि इसके बढ़ते प्रभाव को और अच्छे से दिखाया जा सके।