LOADING...
घर या जमीन खरीद रहे हैं? पहले इन दस्तावेजों को जरूर जांचें
प्रॉपर्टी खरीदते समय दस्तावेजों की सही जांच करना बहुत जरूरी माना जाता है

घर या जमीन खरीद रहे हैं? पहले इन दस्तावेजों को जरूर जांचें

Jun 10, 2026
06:30 pm

क्या है खबर?

भारत में प्रॉपर्टी खरीदते समय दस्तावेजों की सही जांच करना बहुत जरूरी माना जाता है। कई बार लोग बिना पूरी जानकारी के निवेश कर देते हैं, जिससे बाद में कानूनी और आर्थिक समस्याएं सामने आ सकती हैं। कुछ जरूरी कागजात और रिकॉर्ड की जांच करके जोखिम को काफी हद तक कम किया जा सकता है। सही प्रक्रिया अपनाने से खरीदार अपने निवेश को सुरक्षित रख सकते हैं और भविष्य में विवादों से बच सकते हैं।

सुझाव 1

मालिकाना हक के दस्तावेज जरूर देखें

प्रॉपर्टी खरीदने से पहले यह सुनिश्चित करना जरूरी है कि बेचने वाला व्यक्ति उसका वास्तविक मालिक है। इसके लिए टाइटल डीड और मालिकाना हक से जुड़े दस्तावेजों की जांच करनी चाहिए। यह भी देखना चाहिए कि जमीन या मकान पर कोई विवाद, कोर्ट केस या कर्ज तो नहीं है। जरूरत पड़ने पर स्थानीय राजस्व विभाग के रिकॉर्ड से जानकारी मिलाई जा सकती है। इससे प्रॉपर्टी के स्वामित्व की स्थिति साफ हो जाती है और भरोसा बढ़ता है।

सुझाव 2

एनकम्ब्रेंस सर्टिफिकेट की जांच करें

एनकम्ब्रेंस सर्टिफिकेट यानी ईसी यह बताता है कि प्रॉपर्टी पर कोई वित्तीय देनदारी या गिरवी तो नहीं है। इसे स्थानीय सब-रजिस्ट्रार कार्यालय से प्राप्त किया जा सकता है। आमतौर पर पिछले कई वर्षों का रिकॉर्ड देखा जाता है ताकि सभी लेनदेन की जानकारी मिल सके। यह दस्तावेज खरीदार को यह समझने में मदद करता है कि प्रॉपर्टी पर किसी बैंक, संस्था या व्यक्ति का कोई बकाया दावा तो नहीं है।

Advertisement

सुझाव 3

बिल्डिंग प्लान और मंजूरी की पुष्टि करें

अगर आप मकान या फ्लैट खरीद रहे हैं तो यह जांचना जरूरी है कि निर्माण के लिए स्थानीय नगर निकाय से मंजूरी ली गई थी या नहीं। मंजूरशुदा बिल्डिंग प्लान यह दिखाता है कि निर्माण नियमों के अनुसार हुआ है। अगर किसी इमारत का निर्माण नियमों के खिलाफ हुआ हो तो भविष्य में कानूनी कार्रवाई या जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए सभी मंजूरी दस्तावेजों की जांच करना जरूरी माना जाता है।

Advertisement

सुझाव 4

टैक्स और अन्य भुगतान का रिकॉर्ड देखें

प्रॉपर्टी से जुड़े सभी टैक्स और शुल्क समय पर जमा किए गए हैं या नहीं, इसकी जांच भी जरूरी है। इसके लिए संपत्ति कर और अन्य भुगतान की रसीदें देखनी चाहिए। अगर किसी प्रकार का बकाया मौजूद है तो भविष्य में उसका असर नए खरीदार पर भी पड़ सकता है। स्थानीय कर विभाग से जानकारी लेकर यह सुनिश्चित किया जा सकता है कि प्रॉपर्टी पर कोई लंबित भुगतान या जुर्माना बाकी नहीं है।

सुझाव 5

कानूनी विशेषज्ञ की मदद लेना फायदेमंद

प्रॉपर्टी खरीदने से पहले किसी कानूनी सलाहकार या संपत्ति विशेषज्ञ की मदद लेना अच्छा कदम हो सकता है। ऐसे पेशेवर दस्तावेजों की गहराई से जांच कर संभावित जोखिमों की पहचान कर सकते हैं। वे खरीदार को जरूरी कानूनी सलाह भी देते हैं और यह सुनिश्चित करते हैं कि पूरा लेनदेन नियमों के अनुसार हो। इससे निवेश अधिक सुरक्षित बनता है और भविष्य के विवादों की संभावना कम हो जाती है।

Advertisement