बिजनेस स्कूल में केवल 37 फीसदी ही सिखाते हैं AI का असली इस्तेमाल
ग्रेजुएट मैनेजमेंट एडमिशन काउंसिल (GMAC) की एक नई रिपोर्ट के अनुसार, ज्यादातर बिजनेस स्कूल (71 फीसदी) अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को अपने कोर्स में पढ़ा रहे हैं। इनमें से केवल 37 फीसदी ही छात्रों को यह सिखा रहे हैं कि असल दुनिया में AI का इस्तेमाल कैसे करना है।
इस कमी के कारण, जो छात्र पास होकर निकलेंगे वे आज की टेक्नोलॉजी आधारित नौकरियों के लिए पूरी तरह तैयार नहीं हो पाएंगे।
रोजमर्रा के AI ट्रेनिंग की ज्यादा जरूरत
यह सर्वे 39 देशों के 314 बिजनेस स्कूलों के 1,162 ग्रेजुएट मैनेजमेंट प्रोग्राम पर किया गया। इसमें पता चला कि व्यावसायिक अभ्यास (बिजनेस सिमुलेशन) और AI की मदद से फैसले लेना तो आम बात है, लेकिन प्रॉम्प्ट-राइटिंग जैसे जरूरी व्यावहारिक कौशल पर बहुत कम ध्यान दिया जाता है।
केवल 21 फीसदी प्रोग्राम ही AI का इस्तेमाल छात्रों को उनकी जरूरत के हिसाब से सिखाने (पर्सनलाइज्ड लर्निंग) के लिए करते हैं। रिपोर्ट कहती है कि रोजमर्रा के कामों में इसके इस्तेमाल की ट्रेनिंग बढ़ाने से छात्रों को ऐसी नौकरी पाने में मदद मिलेगी, जहां इन टूल का अनुभव होना बहुत जरूरी है।