भू-राजनीतिक चिंताओं के चलते बिटकॉइन के दाम में दिखा उतार-चढ़ाव
बिटकॉइन की कीमत 62,828 डॉलर (करीब 59 लाख रुपये) के आस-पास बनी हुई है। कुछ समय के लिए यह 63,627 डॉलर (करीब 60 लाख रुपये) के ऊपर भी पहुंच गई थी।
पिछले एक दिन में इसमें करीब एक फीसदी की गिरावट आई है, जबकि इस सप्ताह यह 3 फीसदी से ज्यादा लुढ़का है।
अमेरिका और ईरान के बीच चल रहे तनाव ने ट्रेडर्स को थोड़ा चिंतित कर दिया है। हालांकि, जुलाई का महीना 7.3 फीसदी से ज्यादा के मुनाफे के साथ अच्छा रहा। लगातार 2 महीने की गिरावट के बावजूद अमेरिका स्पॉट बिटकॉइन ETF में 17.24 करोड़ डॉलर (करीब 1,600 करोड़ रुपये) का निवेश आया।
बड़े निवेशकों ने 40,100 BTC से ज्यादा खरीदे
अगस्त का महीना आमतौर पर बिटकॉइन के लिए उतना बेहतर नहीं रहता क्योंकि इस दौरान औसत रिटर्न अक्सर नकारात्मक रहते हैं और जुलाई की बिकवाली का दबाव अभी भी दिख रहा है।
फिलहाल अमेरिकी स्पॉट मार्केट में मांग भले ही कम है, लेकिन बड़े निवेशकों (व्हेल्स) ने हाल ही में 40,100 BTC से ज्यादा की खरीदारी की है।
विशेषज्ञों का मानना है कि निवेशकों का भरोसा लौटाने के लिए बिटकॉइन को 65,000 डॉलर (करीब 61 लाख रुपये) के आंकड़े को पार करना होगा। तब तक 62,800 डॉलर (करीब 59 लाख रुपये) के स्तर पर बने रहना बेहद जरूरी है।
विश्लेषकों ने दी जोखिम वाले कर्ज से बचने की सलाह
क्रिप्टो फियर एंड ग्रीड इंडेक्स अभी 35 पर है, जो दिखाता है कि निवेशक फिलहाल सतर्कता बरत रहे हैं। विश्लेषक सलाह दे रहे हैं कि जब तक बिटकॉइन 64,000 डॉलर (करीब 60 लाख रुपये) के ऊपर लगातार बना नहीं रहता और ETF में मजबूत निवेश नहीं आता, तब तक धीरे-धीरे खरीदारी करें और जोखिम भरे कर्ज (लीवरेज) लेने से बचें।