फ्रांस में बढ़ती हिंसा से शेयर बाजार में एक फीसदी की गिरावट
फ्रांस के शेयर बाजारों को इस सप्ताह बड़ा झटका लगा है। देशभर में हुए विरोध-प्रदर्शन हिंसक हो गए, जिसके चलते करीब 2,400 लोग गिरफ्तार हुए और बड़े पैमाने पर संपत्ति को नुकसान पहुंचा।
देश में स्थिरता को लेकर निवेशक चिंतित दिख रहे हैं। सरकारी बॉन्ड यील्ड बढ़ गई और प्रमुख CAC 40 इंडेक्स में एक फीसदी की गिरावट दर्ज की गई, जो दिखाता है कि इस समय हालात कितने अस्थिर हैं।
बढ़ती उधारी लागत बजट पर डाल रही दबाव
ये विरोध-प्रदर्शन खराब स्कूली शिक्षा और बढ़ती महंगाई जैसे मुद्दों पर शुरू हुए थे, लेकिन अब इन्होंने फ्रांस की राजनीतिक और आर्थिक समस्याओं को और बढ़ा दिया है।
बढ़ती उधारी लागत की वजह से सरकार के लिए अपना बजट संभालना मुश्किल होता जा रहा है, खासकर तब जब 2025 में उसका कर्ज-से-GDP अनुपात 115.6 फीसदी तक पहुंचने का अनुमान है।
2027 के चुनाव नजदीक आ रहे हैं। ऐसे में राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने अंधाधुंध हिंसा की निंदा की है क्योंकि उनकी सरकार को लोगों की बढ़ती नाराजगी का सामना करना पड़ रहा है।