क्यों बायोकंप्यूट भारत से सैन फ्रांसिस्को में हो रही शिफ्ट? संस्थापक ने किया खुलासा
DNA-आधारित डाटा स्टोरेज चिप्स बनाने वाले स्टार्टअप बायोकंप्यूट ने बेंगलुरु स्थित अपना कार्यालय बंद कर दिया है। अब यह सैन फ्रांसिस्को जा रही है।
कंपनी की संस्थापक अनाघा राजेश ने इसके पीछे भारत में डीप टेक इनोवेशन के प्रति जोखिम लेने की कम इच्छा को मुख्य वजह बताया है। भले ही उन्होंने WTF फंड, ग्रैड कैपिटल और 1517 फंड जैसे निवेशकों से 5 करोड़ रुपये से अधिक की रकम जुटाई थी।
उनको सैन फ्रांसिस्को में लोग उनके विजन को लेकर ज्यादा सहयोगी मिले। वे सिर्फ मुनाफे पर ध्यान देने की बजाय मुश्किलों को दूर करने में मदद करने के लिए उत्सुक थे।
बेंगलुरु टीम को काम से निकाला
इस बदलाव के साथ ही बायोकंप्यूट की बेंगलुरु टीम को नौकरी से हटा दिया गया है। इसके अलावा, कार्यालय का फर्नीचर, उपकरण और केमिकल भी बेचे जा रहे हैं।
संस्थापक राजेश की योजना है कि वे सैन फ्रांसिस्को में ही अपनी ऊर्जा-कुशल स्टोरेज तकनीक को विकसित करना जारी रखेंगे। उनका मानना है कि वहां का माहौल उनके इस नए आविष्कार को बाजार तक पहुंचाने के लिए ज्यादा अनुकूल है।