अमेरिका का कर्जा 40,000 अरब डॉलर के पार पहुंचा, ट्रेजरी यील्ड ने बढ़ाई चिंता
हाल ही में अमेरिका का राष्ट्रीय कर्ज 40,000 अरब डॉलर (करीब 38 लाख अरब रुपये) का आंकड़ा पार कर गया है। इसके साथ ही, सरकार के लिए कर्ज लेने की दर ट्रेजरी यील्ड पिछले कई सालों में अपने सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गई है।
फिलहाल 10 साल की ट्रेजरी यील्ड 5.23 फीसदी हो गई है, जो 2007 के बाद का सबसे ज्यादा स्तर है, वहीं 30 साल के बॉन्ड पर भी ब्याज दरें 5.49 फीसदी तक चढ़ गई हैं।
ट्रेजरी यील्ड में इस उछाल की बड़ी वजह कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसी नई टेक्नोलॉजी में हो रहा बड़ा निवेश है। इन वजहों से सरकार के लिए कर्ज लेना अब पहले से कहीं ज्यादा महंगा हो गया है।
ब्याज भुगतान 1,000 अरब डॉलर के करीब
इन बढ़ी हुई दरों के कारण अमेरिकी कर्ज पर सालाना ब्याज का भुगतान काफी बढ़ गया है। यह भुगतान बढ़कर लगभग 1,000 अरब डॉलर (करीब 95,000 अरब रुपये) तक पहुंच गया है, जिससे देश का संघीय घाटा 2,000 अरब डॉलर (करीब 1.9 लाख अरब रुपये) के करीब पहुंच गया है।
कांग्रेसनल बजट ऑफिस (CBO) ने चेतावनी दी है कि अगर, ब्याज दरें ऊंची बनी रहती हैं तो यह घाटा और भी बढ़ सकता है। एक अनुमान के मुताबिक, 2056 तक यह सकल घरेलू उत्पाद (GDP) का 14 फीसदी तक पहुंच सकता है। सांसदों ने भी इस पर ध्यान देना शुरू कर दिया है। सीनेट बजट समिति के प्रमुख डेमोक्रेट सीनेटर जेफ मर्कले ने CBO से इस बारे में नए आंकड़े मांगे हैं।