AI के इस्तेमाल से पर्यटन क्षेत्र में 8.46 करोड़ लोगों को मिल रहा रोजगार
भारत के पर्यटन क्षेत्र में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और डिजिटल प्लेटफॉर्म के कारण बड़ा बदलाव आ रहा है। ये टेक्नोलॉजी यात्रियों के सफर को बहुत आसान बना रही हैं और उनकी पसंद के हिसाब से व्यक्तिगत भी।
इसका फायदा तब भी मिलता है, जब लोग ऑनलाइन बुकिंग करते हैं या फिर नई-नई जगहों का पता लगाते हें।
इस क्षेत्र में अब 8.46 करोड़ लोगों को रोजगार मिल रहा है, जो 2019-20 के 6.94 करोड़ से काफी ज्यादा है। 2023-24 में देश की GDP में इसका योगदान 5.22 फीसदी रहा। ये आंकड़े साफ बताते हैं कि यात्रा का महत्व कितना बढ़ गया है।
यात्राओं की संख्या 428.55 करोड़ तक पहुंची
पूरे भारत में यात्राएं काफी तेजी से बढ़ी हैं। 2021 में जहां घरेलू यात्राओं की संख्या 67.7 करोड़ थी, वहीं 2025 तक ये बढ़कर 428.55 करोड़ तक पहुंचने का अनुमान है।
साथ ही, अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की संख्या भी पहले के 0.1 करोड़ से काफी बढ़कर 2.53 करोड़ तक पहुंच गई है। यात्राओं में हुई इस भारी बढ़ोतरी से विदेशी मुद्रा आय में भी जबरदस्त उछाल आया है। 2025 तक यह कमाई 2.76 लाख करोड़ रुपये तक पहुंचने की संभावना है, जो कुछ साल पहले के मुकाबले 4 गुना से भी ज्यादा है।