IPO के बाद स्पेस-X ने बॉन्ड बाजार से भी जुटाए अरबों रुपये
स्पेस-X ने इस महीने अपने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (IPO) से करीब 85.7 अरब डॉलर (करीब 8,100 अरब रुपये) जुटाए थे। इस भारी-भरकम रकम के ठीक बाद अब कंपनी ने बॉन्ड मार्केट में भी दस्तक दे दी है। फिलहाल कंपनी के पास 100 अरब डॉलर (करीब 9,000 अरब रुपये) से ज्यादा की नकदी है।
नए बॉन्ड्स के जरिए कंपनी अपने कम समय के कर्ज को लंबी अवधि के कर्ज में बदल सकेगी। इसके साथ ही, इससे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक और अगली जनरेशन के रॉकेट जैसे बड़े और महंगे प्रोजेक्ट्स के लिए जरूरी पैसे का इंतजाम हो पाएगा।
एलन मस्क के पास कंपनी की 82 फीसदी वोटिंग पावर अभी भी सुरक्षित है, जिससे उनका कंपनी पर पूरा नियंत्रण बना हुआ है। उन्होंने कंपनी पर अपनी पकड़ बनाए रखने के लिए और शेयर बेचने के बजाय कर्ज जुटाना बेहतर समझा।
बॉन्ड्स के पैसे का कर्ज अदायगी में होगा इस्तेमाल
बॉन्ड्स के जरिए मिले पैसों का इस्तेमाल स्पेस-X रोजमर्रा के अपने कामकाज चलाने और पुराने कर्ज चुकाने में करेगी। भले ही 2025 में उसकी कमाई 33 फीसदी बढ़कर 18.67 अरब डॉलर (करीब 1,700 अरब रुपये) तक पहुंच गई, लेकिन AI और स्टारशिप जैसे प्रोजेक्ट्स पर कंपनी लगातार भारी-भरकम खर्च कर रही है।
इसी वजह से हाल में कंपनी को कुछ नुकसान भी उठाना पड़ा है। इसके बावजूद, मूडीज और फिच जैसी क्रेडिट रेटिंग एजेंसियों ने इसको मजबूत निवेश-ग्रेड रेटिंग दी है, जिसमें BAA1 और BBB+ शामिल हैं। यह कंपनी की वित्तीय ताकत पर उनके भरोसे को दिखाता है क्योंकि कंपनी अपने बुनियादी ढांचे को लगातार बढ़ा रही है।
रिफ्लेक्शन AI के साथ किया चिप का सौदा
स्पेस-X ने एनविडिया के चिप्स खरीदने के लिए रिफ्लेक्शन AI के साथ करीब 6.3 अरब डॉलर (करीब 500 अरब रुपये) का एक बड़ा सौदा भी पक्का किया है।
यह कदम कंपनी की AI क्षमताओं को मजबूत करने और उसकी विस्तार योजनाओं को गति देने में अहम है। उसके ये सभी कदम बताते हैं कि कंपनी तेजी से बदलते अंतरिक्ष उद्योग में अपनी बढ़त बनाए रखने और नई खोजों को सबसे आगे रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।