बर्फीली सड़क पर कौन सी कार ज्यादा भरोसेमंद? 4x4 और सामान्य कार में समझें फर्क
क्या है खबर?
सर्दियों में पहाड़ी या बर्फीले रास्तों पर कार चलाना बहुत कठिन होता है। सड़क पर जमी बर्फ और फिसलन के कारण टायरों की पकड़ कम हो जाती है। ऐसे रास्तों पर चारों पहियों को ताकत देने वाली 4x4 कार सामान्य कार के मुकाबले ज्यादा मददगार हो सकती है। हालांकि, सामान्य कार भी बर्फ पर चल सकती है। दोनों कारों के बीच असली अंतर पहियों की पकड़ और ताकत पहुंचाने के तरीके में होता है।
#1
4x4 कार में मिलती है ज्यादा पकड़
4x4 कार में इंजन की ताकत चारों पहियों तक पहुंचती है, जिससे बर्फीली सड़क पर पकड़ बेहतर बनी रहती है।
अगर किसी पहिए की पकड़ कम हो जाए तो बाकी पहिए कार को आगे बढ़ाने में मदद कर सकते हैं। इससे चढ़ाई या फिसलन वाले रास्तों पर कार संभालना आसान होता है।
हालांकि, टायरों की गुणवत्ता और उनकी स्थिति भी महत्वपूर्ण है। केवल 4x4 होने से कार बर्फ पर पूरी तरह सुरक्षित नहीं हो जाती।
#2
सामान्य कार में ज्यादा सावधानी जरूरी
सामान्य कार में आमतौर पर इंजन की ताकत दो पहियों तक पहुंचती है।
बर्फीली सड़क पर इन पहियों की पकड़ कम होने पर कार के पहिए आसानी से फिसल सकते हैं। खासकर चढ़ाई, मोड़ या ज्यादा बर्फ वाले रास्ते पर ऐसी कार को चलाते समय ज्यादा सावधानी रखनी पड़ती है।
धीमी गति, सही टायर और अचानक ब्रेक लगाने से बचना जरूरी है। अच्छी ड्राइविंग के साथ सामान्य कार भी हल्की बर्फ पर चल सकती है।
#3
टायरों का भी होता है बड़ा असर
बर्फीले रास्ते पर 4x4 कार का फायदा सबसे ज्यादा तब मिलता है, जब सड़क पर ज्यादा फिसलन या चढ़ाई हो।
वहीं सामान्य कार के लिए बर्फ वाले रास्ते पर अच्छे टायर, कम गति और ज्यादा दूरी बनाए रखना जरूरी है। दोनों कारों में सर्दियों के टायर होने पर पकड़ बेहतर हो सकती है।
इसलिए केवल 4x4 देखकर यह मानना सही नहीं है कि हर बर्फीली सड़क पर बिना सावधानी आसानी से चला जा सकता है।