इटली से आने वाले लोगों की सीमा पर जांच शुरू करेगा स्पेन, जानिए कारण
क्या है खबर?
स्पेन शनिवार आधी रात से 7 सितंबर तक इटली से आने वाले यात्रियों पर अस्थायी सीमा जांच लागू करेगा। यह निर्णय इटली द्वारा लगातार अवैध प्रवासन के दबाव के मद्देनजर लिया गया है। स्पेन के आंतरिक मंत्रालय ने इटली द्वारा स्पेन से आने वाले यात्रियों पर एक महीने तक लागू किए गए सीमा नियंत्रण के जवाब में जवाबी उपायों की घोषणा की। स्पेन के विदेश मंत्री जोस मैनुअल अल्बारेस ने इटली की कार्रवाई को अनुचित और भेदभावपूर्ण बताया है।
फैसला
इटली अपने फैसले पर अडिग
इटली की प्रधानमंत्री जियोर्जिया मेलोनी ने राष्ट्रीय सुरक्षा संबंधी चिंताओं का हवाला देते हुए 15 अगस्त से पहले इस फैसले पर पुनर्विचार करने से इनकार कर दिया है।
उनके कार्यालय ने कहा, "इटली राष्ट्रीय सुरक्षा और सीमा नियंत्रण के संबंध में विदेश से मिलने वाली किसी भी चेतावनी को स्वीकार नहीं करता है। इटली सुरक्षा या आतंकवाद का खतरा न होने और अवैध प्रवासियों के मामलों के घटने के बाद ही अपने फैसले पर पुनर्विचार करेगा।"
निंदा
स्पेन ने की इटली की कार्रवाई की कड़ी निंदा
स्पेन ने इटली को सीमा जांच न हटाने पर जवाबी कार्रवाई की धमकी थी।
स्पेन ने इटली द्वारा नागरिकों पर सीमा जांच लागू करने के फैसले को अनुचित और भेदभावपूर्ण बताते हुए उसकी कड़ी आलोचना की।
विदेश मंत्री जोस मैनुअल अल्बारेस ने इसे यूरोपीय एकता के जहाज पर दागा गया एक टॉरपीडो बताया है।
उन्होंने चेतावनी दी कि अगर इटली रविवार तक अपनी जांच प्रक्रिया नहीं हटाता है तो संभावित आनुपातिक उपाय किए जा सकते हैं।
विवाद
प्रवासी संकट के कारण बढ़ा सीमा विवाद
यह सीमा विवाद 30-31 जुलाई को मोरक्को से स्पेन के सेउटा क्षेत्र में प्रवासियों की अभूतपूर्व आमद के कारण शुरू हुआ था।
सेउटा में प्रवेश करने वाले 72,000 लोगों में से 70,000 लोग मोरक्को लौट चुके हैं।
स्पेनिश अधिकारियों ने सीमा पार करने के दौरान 80 मौतों की सूचना दी, लेकिन मोरक्को के मानवाधिकार समूहों ने यह आंकड़ा 140 से अधिक बताया है।
इस स्थिति ने इटली समेत यूरोपीय संघ के सदस्यों को नाराज कर दिया।