ईरान होर्मूज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों से वसूलेगा सुविधा शुल्क, संसदीय समिति ने दी मंजूरी
क्या है खबर?
पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच ईरान की संसद की एक प्रमुख समिति ने होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले जहाजों से सुविधा शुल्क वसूलने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। स्थानीय ईरानी मीडिया के अनुसार, इस प्रस्ताव को देश के राष्ट्रीय सुरक्षा आयोग ने पारित कर दिया है। इसमें रणनीतिक जलमार्ग को नियंत्रित करने वाले नए नियमों का उल्लेख है, जिनके तहत जहाजों को पारगमन शुल्क ईरान की राष्ट्रीय मुद्रा रियाल में ही देना होगा।
पाबंदी
अमेरिका और इजरायल के जहाजों पर पाबंदी
राष्ट्रीय सुरक्षा समिति के सदस्य मुजतबा जारेई ने बताया कि इस विधेयक के तहत अमेरिका और इजरायल से जुड़े जहाजों के इस जलमार्ग में प्रवेश पर प्रतिबंध रहेगा।
इसके अलावा, इसमें कुछ अतिरिक्त प्रावधान भी हैं जो ईरान के खिलाफ एकतरफा प्रतिबंधों में शामिल देशों के प्रवेश पर रोक लगाएंगे।
वर्तमान में यह कानून लागू नहीं हुआ है। इसे संसद में पूर्ण मतदान के बाद ईरान की संरक्षक परिषद से मंजूरी मिलना और राष्ट्रपति के हस्ताक्षर होना बाकी है।
दावा
डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मूज जलडमरूमध्य को बताया अमेरिकी क्षेत्र
ईरान के इस कदम के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मूज जलडमरूमध्य पर अपने आक्रामक इरादे साफ किए हैं।
उन्होंने ट्रुथ सोशल पर जलडमरूमध्य का एक नक्शा साझा किया, जिसमें इसे 'न्यू अमेरिकन टेरिटरी' (नया अमेरिकी क्षेत्र) के रूप में दर्शाया गया है।
उन्होंने अगस्त महीने में तीसरी बार इस तरह का दावा किया है। इससे पहले 14 अगस्त को एक भाषण के दौरान भी ट्रंप ने होर्मूज को अमेरिकी क्षेत्र घोषित करने का संकेत दिया था।
चेतावनी
ईरान की पड़ोसी देशों को अमेरिका का साथ न देने की चेतावनी
ईरान ने अमेरिका द्वारा प्रस्तावित प्रतिबंधों की निंदा करते हुए उन्हें अपनी सीमाओं से परे अमेरिकी अधिकार थोपने का प्रयास बताया है।
ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बगाई ने कहा कि वाशिंगटन की ये हरकतें अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन है।
ईरान की सर्वोच्च राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद के सचिव मोहसेन रजाई ने चेतावनी दी है कि यदि किसी भी पड़ोसी देश ने अमेरिका के इस आर्थिक अभियान का समर्थन किया, तो उसे ईरान का दुश्मन माना जाएगा।