नेपाल में आई बाढ़ ने चीन में कैसे मचाया प्रलय, अब तक कितना हुआ नुकसान?
क्या है खबर?
नेपाल और तिब्बत सीमा के पास हिमालयी क्षेत्र में बुधवार को शक्तिशाली भूस्खलन से आए जल प्रलय ने न सिर्फ नेपाल बल्कि चीन के तिब्बत स्वायत्त क्षेत्र में भी काफी कहर बरपाया है। नेपाल में अभी तक बाढ़ से मरने वालों की संख्या 175 पार कर गई है, जबकि 900 से अधिक लोग लापता हैं। इसमें लापता भारतीय नागरिक 300 हैं। चीन में बाढ़ ने कैसे और कितना नुकसान पहुंचाया? आइए, जानते हैं।
बाढ़
चीन कैसे पहुंची बाढ़?
हिमालयी क्षेत्र में ग्लेशियर का एक बड़ा हिस्सा टूटकर घाटी में गिरा, जिसके साथ भारी मात्रा में बर्फ, चट्टान, पानी और मिट्टी भी नीचे आई।
इससे नेपाल और तिब्बत सीमा पर भोटेकोशी नदी की सहायक नदी ल्हेंडे खोला में जलस्तर बढ़ गया, जो तेजी से दोनों सीमाओं की तरफ बढ़ने लगा।
भयानक बाढ़ एक तरफ नेपाल के रसुवा क्षेत्र में तबाही मचाते हुए आगे बढ़ी, जबकि दूसरी तरफ तिब्बत के ग्यिरोंग क्षेत्र में भी हाहाकर मचा दिया।
नुकसान
बुनियादी ढांचे को कितना नुकसान पहुंचा?
बाढ़ से चीन में तिब्बत और शिगात्से के ग्यिरोंग काउंटी को भारी नुकसान हुआ है। यहां नेपाल सीमा पर बना ग्यिरोंग बंदरगाह पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है, जिसकी वीडियो भी वायरल है।
चीन को सबसे बड़ी आर्थिक मार सड़कों और सीमा व्यापार के बुनियादी ढांचे पर पड़ी है। चीन-नेपाल के बीच प्रमुख स्थलीय व्यापारिक संपर्कों में एक बंदरगाह पर 2 किलोमीटर सड़क नष्ट हुई है।
इमारत, सड़कें, संचार लाइनें, चेक प्वाइंट और बिजली आपूर्ति पूरी तरह तबाह हो गई।
मौत
चीन में कितनी मौत हुई और कितने लापता?
चीन का आधिकारिक आंकड़ा बताता है कि 3 लोगों की मौत हुई है, जबकि सोशल मीडिया पर आए वीडियो में तेज बाढ़ की चपेट में कई लोग आते दिख रहे हैं।
अभी तक लापता लोगों की संख्या 558 बताई गई है, जिसमें 260 विदेशी नागरिक शामिल हैं। स्थानीय 2 ग्रामीणों को बचाया गया है।
चीन सरकार ने नुकसान का आकलन करने और बचाव के लिए मानवीय सहायता समेत ड्रोन को भी अभियान में शामिल किया है।
आर्थिक
क्या चीन को बाढ़ से आर्थिक नुकसान होगा?
अभी तक चीन ने नुकसान की आधिकारिक कुल रकम का खुलासा नहीं किया है, लेकिन उसके महत्वपूर्ण ग्यिरोंग बंदरगाह के बर्बाद होने से नुकसान का आंकड़ा ज्यादा हो सकता है।
बंदरगाह पर हुए नुकसान से चीन को भविष्य में आयात-निर्यात के लिए मालवाहक ट्रकों की सीमा पार आपूर्ति पर नकारात्मक असर पड़ सकता है।
करीब 200 से अधिक ट्रक बाढ़ में बह गए। साथ ही, प्रभावित हिस्से के कैलाश मानसरोवर क्षेत्र में आने से पर्यटन उद्योग में भी नुकसान होगा।
ट्विटर पोस्ट
नेपाल-तिब्बत सीमा पर बना बंदरगाह बाढ़ की चपेट में आया
BREAKING: New footage shows absolutely horrifying scenes along the China-Nepal border amid devastating flash floods, hundreds missing, many feared dead pic.twitter.com/hwXTz8IzjP
— Insider Paper (@TheInsiderPaper) August 26, 2026