प्रधानमंत्री मोदी और जिनपिंग की मुलाकात से पहले बोला चीन- भारत को है पूरा समर्थन
क्या है खबर?
भारत की मेजबानी में आयोजित हो रहे 18वें BRICS शिखर सम्मेलन की औपचारिक शुरुआत से पहले चीन ने भारत की मेजबानी के प्रति अपना पुरजोर समर्थन व्यक्त किया है। भारत में चीन के राजदूत शू फेईहॉन्ग ने शुक्रवार को सोशल मीडिया पर कहा कि चीन BRICS देशों के बीच आपसी सहयोग को सर्वोच्च महत्व देता है और वह इस वर्ष भारत द्वारा एक सफल शिखर सम्मेलन की मेजबानी का पूरी तरह समर्थन करता है।
बयान
जिनपिंग के भारत पहुंचने से पहले आया बयान
चीनी राजदूत फेईहॉन्ग ने एक्स पर लिखा, 'चीन BRICS सहयोग को महत्व देता है और इस वर्ष एक सफल BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी करने में भारत का समर्थन करता है।'
चीनी राजदूत का यह सकारात्मक रुख शनिवार (12 सितंबर) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच होने वाली बहुप्रतीक्षित द्विपक्षीय बैठक से ठीक पहले आया है।
चीनी दूतावास की प्रवक्ता यू जिंग ने भी भारत के प्रति चीन की एकजुटता प्रदर्शित की है।
महत्व
गलवान संघर्ष के बाद जिनपिंग का पहला भारत दौरा
वैश्विक भू-राजनीतिक परिदृश्य में इस कूटनीतिक हलचल पर पूरी दुनिया की नजरें टिकी हुई हैं।
साल 2020 में हुई गलवान घाटी हिंसा के बाद (जिसमें 20 भारतीय और 4 चीनी सैनिक मारे गए थे) राष्ट्रपति जिनपिंग की यह पहली भारत यात्रा है।
शनिवार को होने वाली दोनों नेताओं की बैठक में दोनों देशों के बीच उपजे सीमा गतिरोध को दूर करने और साझा आर्थिक व कूटनीतिक हितों को मजबूत करने पर ध्यान केंद्रित रहने की उम्मीद है।