इरफान पठान ने चयन समिति पर उठाए सवाल, भुवनेश्वर कुमार के चयन को बताया बड़ी भूल
क्या है खबर?
भारत के पूर्व ऑलराउंडर और टी-20 विश्व कप 2007 के विजेता इरफान पठान ने न्यूजीलैंड क्रिकेट टीम के खिलाफ टी-20 सीरीज में अनुभवी तेज गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार को भारतीय क्रिकेट टीम में शामिल करने के फैसले पर BCCI चयनकर्ताओं की कड़ी आलोचना की है। 4 साल के लंबे अंतराल के बाद भारतीय टीम में वापसी करने वाले भुवनेश्वर इस सीरीज के 4 मैचों में केवल 1 विकेट चटका सके और उन्होंने बेहद महंगे साबित होते हुए 180 रन लुटा दिए।
बयान
भुवनेश्वर ने क्या दिया बयान?
अपने यूट्यूब चैनल पर इरफान ने कहा, "मेरी राय में चयनकर्ताओं से कहां चूक हुई? उन्होंने इस सीरीज में भुवनेश्वर कुमार को खिलाकर गलती की। भुवनेश्वर एक बेहतरीन गेंदबाज और सीनियर खिलाड़ी हैं, इसमें कोई शक नहीं है, लेकिन उन्हें ऐसी सीरीज में खिलाना, जब टी-20 विश्व कप अभी बहुत दूर है, सवालों के घेरे में है। अगर आप उन्हें वनडे विश्व कप के लिए तैयार कर रहे होते, जो कि नजदीक है, तो यह फैसला समझ में आता।"
मौका
इरफान ने कही युवाओं के मौके छीनने की बात
इरफान ने कहा, "भुवनेश्वर को इस सीरीज में शामिल करके आपने युवा तेज गेंदबाजों को मौका देने का एक बड़ा अवसर गंवा दिया। उनकी जगह कोई युवा खिलाड़ी खेल सकता था और कीमती अनुभव हासिल कर सकता था।"
उन्होंने कहा, "मयंक यादव सभी मैच खेल सकते थे और प्रिंस यादव को भी आजमाया जा सकता था। आपने अपने युवाओं को न्यूजीलैंड की पिचों पर खेलने और अनुभव हासिल करने का एक बेहतरीन मौका गंवा दिया।"
वजह
आलोचना खराब प्रदर्शन की वजह से नहीं
इरफान ने साफ किया कि वे यह बात भुवनेश्वर के खराब प्रदर्शन की वजह से नहीं कह रहे हैं।
उन्होंने कहा, "भुवनेश्वर थोड़े बदकिस्मत रहे। उन्होंने अपने पहले दो ओवर अच्छे फेंके, लेकिन बाद में पावरप्ले के आखिरी ओवर में वह महंगे साबित हुए। ऐसा किसी भी खिलाड़ी के साथ हो सकता है, उनकी काबिलियत पर कोई सवाल नहीं है।"
उन्होंने कहा कि न्यूजीलैंड जैसी पिचों पर युवाओं को मौके देकर उन्हें अनुभव दिया जाना चाहिए था।
प्रदर्शन
सीरीज में कैसा रहा है भुवनेश्वर का प्रदर्शन?
भुवनेश्वर का सीरीज में प्रदर्शन काफी निराशाजनक रहा है। उन्होंने पहले 4 मैचों में क्रमश: 0/49, 1/50, 0/40, 0/41 के आंकड़े दर्ज किए हैं।
इस तरह उन्होंने कुल 16 ओवर गेंदबाजी की है, जिसमें 11.25 की इकॉनमी से कुल 180 रन लुटाए हैं और केवल एक विकेट लेने में सफल रहे हैं।
इरफान का मानना है कि भारत को भविष्य के लिए बेहतरीन तेज गेंदबाज तैयार करने हैं, तो चयनकर्ताओं को युवाओं में निवेश करना होगा।