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IPL: कैसे कम किया जाता है ओस का प्रभाव? जानिए 2 गेंदों के प्रयोग का नियम
28 मार्च से शुरू होगा IPL 2026 (तस्वीर: एक्स/@IPL)

IPL: कैसे कम किया जाता है ओस का प्रभाव? जानिए 2 गेंदों के प्रयोग का नियम

Mar 24, 2026
06:41 pm

क्या है खबर?

इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2026 की शुरुआत 28 मार्च को होनी है। हर बार की तरह इस बार भी ज्यादातर मैच शाम 7:30 बजे से शुरू होंगे। ऐसे में मैच के दौरान ओस के प्रभाव से दूसरी पारी के दौरान बल्लेबाजी करना आसान माना जाता है। दरअसल, ज्यादा ओस के चलते गेंदबाज की गेंद पर पकड़ नहीं बन पाती है और इसका विपक्षी टीम फायदा उठाती है। इससे निपटने के लिए 2 गेंदों के प्रयोग वाले नियम को समझते हैं।

नियम 

दूसरी पारी में गेंदबाजी करने वाली टीम का कप्तान कर सकता है अनुरोध

IPL ने 2025 में नियम लागू किया था, जिसमें शाम के मैच में दूसरी पारी में गेंदबाजी करने वाली टीम को 10वें ओवर के बाद कभी भी एक बार गेंद बदलने की अनुमति दी गई है। इसमें गेंदबाजी करने वाली टीम का कप्तान (11वें ओवर से लेकर 20वें ओवर तक) एक बार गेंद बदलवाने का अनुरोध कर सकता है। ओवर के बीच में गेंद नहीं बदली जाती है, बल्कि ओवर के पूरा होने के बाद इसे बदला जाता है।

नियम 

कप्तान नहीं कर सकते दूसरी गेंद का चुनाव

नई गेंद पूरी तरह से नई नहीं होती, बल्कि अंपायर ऐसी गेंद देते हैं जो पुरानी गेंद जैसी ही घिसी-पिटी (10 ओवर के प्रयोग के बाद) होती है। कप्तान खुद गेंद नहीं चुन सकता, और अंपायर इसका चुनाव करते हैं। दिन के मैचों में यह नियम लागू नहीं होता। पहले भी अंपायर अपनी मर्जी से गेंद बदल सकते थे, लेकिन अब गेंदबाजी वाली टीम को खुद मांगने का अधिकार मिला है। इससे मैच की रोचकता में इजाफा हुआ है।

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बदलाव 

अंपायर के पास गेंद बदलने का होता है विशेषाधिकार 

अंपायर मैच के दौरान किसी भी समय गेंद के गीली होने, उसका आकार बिगड़ने, उसके खो जाने/क्षतिग्रस्त होने पर उसे बदल सकते हैं। इससे फील्डिंग कप्तान का 10वें ओवर के बाद दोबारा बदलवाने का अधिकार समाप्त नहीं होता। उदाहरण के तौर पर, अगर गेंद छठे ओवर के दौरान बेहद गीली या फिर आकार में टेढ़ी हो जाती है, तो अंपायर उसे बदल सकते हैं। फिर 10वें ओवर के बाद कप्तान के अनुरोध पर फिर से इसे बदला जा सकेगा।

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जानकारी

IPL 2026 के पहले चरण में 4 दिन हैं डबल हेडर 

पहले चरण के कुल 20 मैच बेंगलुरु, मुंबई, गुवाहाटी, न्यू चंडीगढ़, लखनऊ, कोलकाता, चेन्नई, दिल्ली, अहमदाबाद और हैदराबाद में खेले जाने हैं। पहले चरण में 4, 5, 11 और 12 अप्रैल को शाम के मैच खेले जाने हैं।

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