राष्ट्रमंडल खेल 2026: भारतीय मुक्केबाज साक्षी चौधरी ने जीता स्वर्ण पदक
क्या है खबर?
ग्लासगो में खेले जा रहे राष्ट्रमंडल खेल 2026 में मुक्केबाजी में भारत की झोली में एक और पदक आया है। महिलाओं के 51 किलोग्राम भारवर्ग में भारत की साक्षी चौधरी ने इंग्लैंड की रूबी व्हाइट को हराते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। पहले राउंड को सर्वसम्मत फैसले से जीतने के बाद दूसरे राउंड को उन्होंने 4-1 से अपने नाम किया। तीसरे राउंड में भी उन्होंने अपना दबदबा बरकरार रखा और स्वर्ण जीता।
प्रदर्शन
राष्ट्रमंडल खेलों 2026 में साक्षी का प्रदर्शन
साक्षी ने अपने अभियान की शुरुआत बोत्सवाना की लेथाबो मोडुकानेले को प्रीक्वार्टर-फाइनल में 5-0 से हराते हुए की।
इसके बाद 29 जुलाई को हुए क्वार्टरफाइनल में भारतीय मुक्केबाज ने उत्तरी आयरलैंड की कैटलिन फ्रायर्स को सर्वसम्मत फैसले से हराया।
सेमीफाइनल में उन्होंने कनाडा की एम्बर-जेन वॉल की चुनौती को पार किया। उन्होंने सभी तीन राउंड 5-0 से जीते और फाइनल में जगह बनाई।
परिचय
विजेंदर सिंह से प्रेरणा लेकर मुक्केबाज बनी हैं साक्षी
साक्षी भारतीय बॉक्सिंग के गढ़, भिवानी से हैं।
द ब्रिज के मुताबिक, बचपन में साक्षी अक्सर झगड़े करती थीं और किसी को भी मार देती थीं।
उनकी ऊर्जा को सही दिशा देने के लिए उनके माता-पिता ने 2012 में उन्हें मुक्केबाजी से जोड़ा।
उन्होंने ओलंपिक पदक विजेता विजेंदर सिंह से प्रेरणा लेते हुए उन्होंने इस खेल को गंभीरता से लिया।
उन्होने 2012 में जाने-माने कोच जगदीश सिंह की देखरेख में ट्रेनिंग शुरू की।
सफर
कैसा रहा राष्ट्रमंडल खेलों तक का सफर?
साक्षी 2015 की जूनियर विश्व चैंपियन हैं। उन्होंने 2015 में ताइपे में हुई AIBA जूनियर महिला विश्व चैंपियनशिप के फाइनल में US नेशनल चैंपियन यारिसेल रामिरेज को हराया था।
साक्षी 2 बार यूथ वर्ल्ड चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल भी जीत चुकी हैं।
राष्ट्रमंडल खेल की भारतीय टीम में अपनी जगह बनाने के लिए उन्होंने देश के कई बड़े नामों को हराया, जिनमें निकहत जरीन और मीनाक्षी हूडा शामिल हैं।