सत्य नडेला का बड़ा बयान, कहा- आर्टिफिशियल सुपरइंटेलिजेंस को इंसानों के नियंत्रण में रहना चाहिए
क्या है खबर?
माइक्रोसॉफ्ट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) सत्य नडेला ने आर्टिफिशियल सुपरइंटेलिजेंस की होड़ में सावधानी बरतने की बात कही है। उनका कहना है कि सुपरइंटेलिजेंस की दिशा में कोई भी कोशिश तभी सार्थक है, जब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) इंसानों की सेवा करता रहे और इंसानों के नियंत्रण में रहे। नडेला की यह चेतावनी AI उद्योग के लिए एक मुश्किल समय में आई हैं, जब कई बड़े अधिकारी इसके बढ़ते जोखिमों को लेकर इस्तीफे दे रहे हैं।
सलाह
नडेला ने 3 बातों पर दिया जोर
एक पोस्ट में नडेला ने कहा कि सुपरइंटेलिजेंस के विकास का मुख्य सिद्धांत सीधा-सादा होना चाहिए।
अगर, AI इंसानियत की मदद नहीं करता है और इंसानों के नियंत्रण में नहीं रह सकता है तो इसे आगे बढ़ाना फायदेमंद नहीं है।
उनका दखल इसलिए अहम है क्योंकि उन्होंने एडवांस्ड AI की खोज को छोड़ने के बजाय इस तकनीक के विकास को तय करने में सोच-समझकर गति बनाए रखने, बेहतर मूल्यांकन और ज्यादा लोगों की भागीदारी पर जोर दिया।
भागीदारी
सभी को फायदा पहुंचाने की पैरवी
नडेला ने कहा, "हमें AI के फायदों को तेजी से आगे बढ़ाने और उन्हें सब तक पहुंचाने की भी जरूरत है।"
उन्होंने तर्क दिया कि इस तकनीक से होने वाले फायदे केवल AI डेवलपर्स के एक छोटे से समूह तक सीमित नहीं रहने चाहिए, बल्कि इन्हें अलग-अलग देशों, समुदायों और कंपनियों में बांटा जाना चाहिए।
उन्होंने एक ऐसे 'फ्रंटियर इकोसिस्टम' का समर्थन किया, जहां क्लोज्ड और ओपन-सोर्स दोनों तरह के AI मॉडल विकसित हो सकें।