चांद के इस रहस्यमयी गड्ढे के नीचे छिपी है बड़ी गुफा? नासा करेगी जांच
क्या है खबर?
चांद की सतह पर मौजूद एक रहस्यमयी गड्ढा वैज्ञानिकों का ध्यान खींच रहा है। माना जा रहा है कि यह गड्ढा जमीन के नीचे मौजूद किसी बड़ी गुफा या सुरंग से जुड़ा हो सकता है। यह जगह चांद के मारियस हिल्स इलाके में है, जहां पुराने ज्वालामुखी की गतिविधियों के निशान मिलते हैं। वैज्ञानिकों का मानना है कि यहां लावा ट्यूब हो सकती है। अब नासा इसकी असली बनावट का पता लगाने की तैयारी कर रही है।
सुरंग
कैसे बनी होगी जमीन के नीचे सुरंग?
चांद पर ऐसे गड्ढों को लूनर पिट कहा जाता है, जो सामान्य क्रेटर से अलग दिखाई देते हैं।
वैज्ञानिकों के मुताबिक ये गड्ढे जमीन के नीचे जाने वाली सुरंगों या खाली जगहों का रास्ता हो सकते हैं। अरबों साल पहले चांद पर बहने वाला ज्वालामुखी का लावा ऊपर से ठंडा होकर जम गया, जबकि नीचे बहता रहा।
बाद में लावा निकल गया तो सुरंग जैसी जगह बन गई। इसकी छत टूटने से ऐसे गड्ढे बन सकते हैं।
सुरक्षा
गुफा मिली तो मिल सकती है सुरक्षा
वैज्ञानिक चांद की इन भूमिगत जगहों की जांच इसलिए करना चाहते हैं, क्योंकि वहां सतह के मुकाबले हालात कुछ सुरक्षित हो सकते हैं।
चांद पर वातावरण लगभग नहीं है, इसलिए उसकी सतह पर तेज तापमान बदलाव, रेडिएशन और छोटे उल्कापिंडों का असर पड़ता है। अगर मारियस हिल्स का गड्ढा किसी बड़ी गुफा से जुड़ा मिला, तो वहां इनसे कुछ प्राकृतिक सुरक्षा मिल सकती है।
हालांकि, अभी यह साफ नहीं है कि गड्ढे के नीचे कितनी बड़ी जगह है।
जगह
भविष्य में अंतरिक्ष यात्रियों के काम आ सकती है जगह
अगर इस गुफा की पुष्टि होती है तो इससे वैज्ञानिकों को चांद के पुराने ज्वालामुखी इतिहास को समझने में मदद मिल सकती है।
भूमिगत चट्टानों और दूसरे पदार्थों पर सतह की तुलना में रेडिएशन और बाहरी परिस्थितियों का असर कम हुआ होगा। भविष्य में ऐसी जगहें अंतरिक्ष यात्रियों के लिए संभावित ठिकाना भी बन सकती हैं, लेकिन वहां रहना आसान नहीं होगा।
जीवन रक्षक व्यवस्था, बिजली, संचार और सुरक्षित रास्तों जैसी कई जरूरी सुविधाएं तैयार करनी होंगी।