LOADING...
मेटा करीब 900 अरब रुपये खर्च कर कनाडा में बनाएगी विशाल AI डाटा सेंटर
कनाडा में बनेगा मेटा का नया AI डाटा सेंटर

मेटा करीब 900 अरब रुपये खर्च कर कनाडा में बनाएगी विशाल AI डाटा सेंटर

Jul 09, 2026
07:32 pm

क्या है खबर?

मेटा ने कनाडा के अल्बर्टा प्रांत में 13 अरब कनाडाई डॉलर (लगभग 900 अरब रुपये) की लागत से नया आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) डाटा सेंटर बनाने की घोषणा की है। यह कनाडा में कंपनी का पहला और दुनिया का 33वां डाटा सेंटर होगा। शुरुआत में इसकी क्षमता 1 गीगावाट होगी, जिसे भविष्य में बढ़ाकर 1.8 गीगावाट तक किया जा सकेगा। यह परियोजना AI तकनीक की तेजी से बढ़ती जरूरतों को पूरा करने के उद्देश्य से तैयार की जा रही है।

बिजली खपत

आठ लाख घरों जितनी बिजली की होगी जरूरत

रिपोर्ट के अनुसार, यह AI डाटा सेंटर लगभग 8 लाख घरों के बराबर बिजली की खपत करेगा। इस परियोजना के लिए मेटा नए बिजली उत्पादन और बिजली ग्रिड को मजबूत करने में भी निवेश करेगी। शुरुआत में 250 मेगावाट बिजली मौजूदा गैस आधारित संयंत्र से मिलेगी, जबकि बाद में नए बिजली संयंत्र के जरिए इसकी जरूरत पूरी की जाएगी। भविष्य में मांग बढ़ने पर इसकी क्षमता भी बढ़ाई जा सकेगी।

इस्तेमाल

AI की बढ़ती जरूरतों के लिए होगा इस्तेमाल

मेटा का कहना है कि यह डाटा सेंटर आधुनिक AI मॉडल तैयार करने और उन्हें संचालित करने के लिए बनाया जा रहा है। इसके लिए कनाडा के अल्बर्टा को इसलिए चुना गया, क्योंकि यहां ऊर्जा अपेक्षाकृत सस्ती है, प्राकृतिक गैस आसानी से उपलब्ध है और ठंडा मौसम सर्वर को ठंडा रखने में मदद करता है। इससे बड़े स्तर पर AI कंप्यूटिंग का संचालन अधिक आसान, तेज और किफायती बनाया जा सकेगा।

Advertisement

सवाल

पर्यावरण को लेकर उठ रहे हैं सवाल

कंपनी ने कहा है कि वह स्वच्छ ऊर्जा में भी निवेश करेगी और पानी बचाने के लिए क्लोज्ड-लूप लिक्विड कूलिंग सिस्टम का उपयोग करेगी। इसके बावजूद कई पर्यावरण संगठनों ने इस परियोजना पर चिंता जताई है। उनका कहना है कि बड़े AI डाटा सेंटर बिजली और प्राकृतिक संसाधनों पर अतिरिक्त दबाव बढ़ा सकते हैं। हाल के वर्षों में ऐसे प्रोजेक्ट्स के पर्यावरणीय प्रभाव को लेकर बहस लगातार तेज होती जा रही है।

Advertisement