मेटा ने AI ट्रैकिंग योजना में दी राहत, कर्मचारी 30 मिनट तक रोक सकेंगे निगरानी
क्या है खबर?
मेटा ने अपने AI ट्रेनिंग प्रोजेक्ट को लेकर कर्मचारियों को कुछ राहत देने का फैसला किया है। द इन्फॉर्मेशन की रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी अब कर्मचारियों को जरूरत पड़ने पर 30 मिनट तक ट्रैकिंग रोकने की अनुमति देगी। कुछ चुनिंदा कर्मचारी इस कार्यक्रम से पूरी तरह बाहर होने का अनुरोध भी कर सकेंगे। यह बदलाव ऐसे समय में किया गया है जब कंपनी की इस योजना को लेकर कर्मचारियों के बीच गोपनीयता और निगरानी संबंधी चिंताएं सामने आई थीं।
प्रोजेक्ट
AI मॉडल को बेहतर बनाने के लिए शुरू हुआ प्रोजेक्ट
मेटा का यह प्रोजेक्ट मॉडल कैपेबिलिटी इनिशिएटिव (MCI) के नाम से जाना जाता है। इसके तहत कंपनी कर्मचारियों के कंप्यूटर उपयोग से जुड़े कुछ डाटा का इस्तेमाल AI मॉडल को प्रशिक्षित करने के लिए करना चाहती है। योजना का उद्देश्य यह समझना है कि कर्मचारी रोजमर्रा के कामों में कंप्यूटर का उपयोग कैसे करते हैं। हालांकि, अधिकांश कर्मचारियों के लिए यह ट्रैकिंग व्यवस्था पहले की तरह जारी रहने की संभावना बताई गई है।
बदलाव
कर्मचारियों की चिंताओं के बाद बदलाव
रिपोर्ट के मुताबिक, इस योजना की घोषणा के बाद कई कर्मचारियों ने इसके खिलाफ चिंता जताई थी। कुछ लोगों ने गोपनीयता और तकनीकी प्रभावों को लेकर सवाल उठाए थे। कंपनी ने इन प्रतिक्रियाओं के बाद सॉफ्टवेयर में कुछ बदलाव किए हैं। बताया गया है कि बैटरी उपयोग को बेहतर बनाया गया है और कुछ विशेष परिस्थितियों में कर्मचारियों को छूट देने का प्रावधान जोड़ा गया है।
समर्थन
मार्क जुकरबर्ग ने किया समर्थन
मेटा के CEO मार्क जुकरबर्ग ने इस कार्यक्रम का समर्थन करते हुए कहा कि कुशल लोगों के काम करने के तरीके को समझना AI मॉडल को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है। उनके अनुसार, इस डाटा का उपयोग कर्मचारियों की निगरानी या प्रदर्शन का मूल्यांकन करने के लिए नहीं किया जा रहा है। कंपनी का कहना है कि इसका उद्देश्य केवल AI को अधिक उपयोगी और सक्षम बनाना है, ताकि भविष्य में बेहतर तकनीकी समाधान विकसित किए जा सकें।