
आज पृथ्वी पर आ सकता है G2-श्रेणी का सौर तूफान, NOAA ने जारी किया अलर्ट
क्या है खबर?
सूर्य पर मौजूद सनस्पॉट AR3514 में हाल ही में विस्फोट हुआ था, जिससे कोरोनल मास इजेक्शन (CME) क्लाउड भी उत्पन्न हुआ है।
यह CME क्लाउड तेजी से पृथ्वी की तरफ बढ़ रहा है और आज (17 दिसंबर) पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र से टकरा सकता है, जिससे सौर तूफान आने की आशंका जताई जा रही है।
सनस्पॉट में विस्फोट के कारण बीते 3 दिनों के दौरान दुनिया के कई हिस्सों में शॉर्टवेव रेडियो ब्लैकआउट भी हुआ है।
सौर तूफान
कितना शक्तिशाली होगा यह सौर तूफान?
अंतरिक्ष वेबसाइट स्पेस वेदर की रिपोर्ट के अनुसार, नेशनल ओसियन एंड एटमॉस्फेरिक एडमिनिस्ट्रेशन (NOAA) के वैज्ञानिकों का अनुमान है कि आज पृथ्वी पर आने वाला सौर तूफान G1 या G2-श्रेणी का हो सकता है।
CME के प्रभाव से दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में अगले कुछ घंटों के दौरान लोगों को आकाश में रंगीन प्रकाश देखने को मिल सकता है, जिसे अरोरा कहा जाता है।
बता दें, इस महीने की शुरुआत में भी कुछ सनस्पॉट में विस्फोट हुआ था।
खतरा
सौर तूफान से क्या है खतरा?
सौर तूफान सैटेलाइटों को भारी नुकसान पहुंचा सकते हैं, मोबाइल नेटवर्क और इंटरनेट सेवाओं को बाधित कर सकते हैं।
अत्यधिक शक्तिशाली होने पर ये पावर ग्रिड और पृथ्वी आधारित संवेदनशील इलेक्ट्रॉनिक्स को भी नुकसान पहुंचा सकते हैं।
सौर तूफान को उनके प्रभाव के आधार पर वैज्ञानिकों ने G1 से लेकर G5 तक कुल 5 श्रेणियों में बांटा है।
G1-श्रेणी का सौर तूफान काफी हल्का होता है, लेकिन G5-श्रेणी का सौर तूफान काफी शक्तिशाली होता है।