LOADING...
देश में बढ़ रहे हैं डिजिटल बैंकिंग से जुड़े ठगी के मामले, जानिए कैसे रहें सुरक्षित
बढ़ रहे हैं डिजिटल बैंकिंग से जुड़े ठगी के मामले

देश में बढ़ रहे हैं डिजिटल बैंकिंग से जुड़े ठगी के मामले, जानिए कैसे रहें सुरक्षित

Mar 02, 2026
06:08 pm

क्या है खबर?

देश में साइबर अपराध के मामले काफी तेजी से बढ़ रहे हैं। तकनीकी विकास के कारण जहां आज के समय में पैसे का लेनदेन आसान हो गया है, वहीं इसी का फायदा उठाकर जालसाज लोगों की कमाई उनके अकाउंट से उड़ा रहे हैं। राजधानी दिल्ली समेत अलग-अलग शहरों से सिम स्वैपिंग और डिजिटल अरेस्ट जैसे मामले सामने आए हैं। हाल में दिल्ली में सिम स्वैप से 50 हजार रुपये की ठगी हुई और 10 राज्यों में 27 आरोपी पकड़े गए।

ठगी

कैसे ठगी को अंजाम देते हैं जालसाज?

डिजिटल अरेस्ट में ठग खुद को पुलिस या सरकारी अधिकारी बताकर कॉल करते हैं। जालसाज पीड़ित को केस में फंसाने या गिरफ्तारी की धमकी देकर डराते हैं और तुरंत पैसा ट्रांसफर करने को कहते हैं। सिम स्वैप फ्रॉड में मोबाइल नंबर बंद कर नया सिम जारी कराया जाता है, जिससे बैंक OTP जालसाज के पास पहुंचता है। पुणे में 10.7 करोड़ रुपये के डिजिटल अरेस्ट स्कैम की जांच चल रही है।

चिंता

बड़े आंकड़े बढ़ा रहे चिंता

सूचना के अधिकार (RTI) से मिली जानकारी के अनुसार 1 जनवरी, 2024 से 31 अक्टूबर, 2025 के बीच SBI की शाखाओं में करीब 16 हजार साइबर ठगी के मामले दर्ज हुए। इन मामलों में 118 करोड़ रुपये से ज्यादा का नुकसान हुआ है। बेंगलुरु में एक 23 साल का छात्र 7 करोड़ रुपये के फ्रॉड मामले में अनजाने में शामिल हो गया। ये घटनाएं दिखाती हैं कि युवा और प्रोफेशनल भी निशाने पर हैं।

Advertisement

सुरक्षा

ऐसे रहें साइबर ठगी से सुरक्षित

साइबर विशेषज्ञों का कहना है कि अनजान कॉल या लिंक पर भरोसा न करें। कोई भी सरकारी एजेंसी फोन पर पैसे ट्रांसफर करने को नहीं कहती। सिम बंद होने या नेटवर्क जाने पर तुरंत कंपनी से संपर्क करें। बैंक OTP, पासवर्ड और कार्ड डिटेल किसी से साझा न करें। RBI ने बैंकों को सख्त निगरानी और बेहतर सुरक्षा सिस्टम अपनाने को कहा है। बता दें कि जागरूकता और सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।

Advertisement