LOADING...
बेंगलुरु के स्टार्टअप ने दिखाया पूरी तरह भारत में बना 'परम' रोबोडॉग, जानिए इसकी खासियत
रोबोडॉग विवाद के बीच देसी रोबोट की एंट्री

बेंगलुरु के स्टार्टअप ने दिखाया पूरी तरह भारत में बना 'परम' रोबोडॉग, जानिए इसकी खासियत

Feb 19, 2026
10:47 am

क्या है खबर?

इंडिया AI इम्पैक्ट समिट 2026 में रोबोडॉग सबसे अधिक चर्चा का विषय बन गया है। गलगोटिया यूनिवर्सिटी द्वारा चीनी रोबोट दिखाए जाने के बीच अब बेंगलुरु स्थित एक भारतीय स्टार्टअप ने खुद का रोबोट डॉग दुनिया को दिखाया है। जनरल ऑटोनॉमी नाम की कंपनी ने सोशल मीडिया पर अपने देसी चार पैरों वाले रोबोट 'परम' का वीडियो साझा किया और कहा कि यह पूरी तरह भारत में बनाया गया है।

रोबोडॉग

क्या है 'परम' रोबोट डॉग?

कंपनी के अनुसार, परम एक चार पैरों वाला रोबोट है, जिसे भारत में डिजाइन और तैयार किया गया है। इसे असेंबल या आयात नहीं किया गया, बल्कि इंजीनियरों की टीम ने देश में ही विकसित किया है। हालांकि, इसमें एनवीडिया जेटसन GPU और कुछ एक्चुएटर्स जैसे सीमित विदेशी पुर्जे इस्तेमाल किए गए हैं। कंपनी का दावा है कि बाकी कंट्रोल सिस्टम, मैकेनिकल डिजाइन और सॉफ्टवेयर पूरी तरह भारतीय टीम ने तैयार किए हैं।

काम

किस काम आ सकता है यह रोबोट?

चार पैरों वाले ऐसे रोबोट कठिन और ऊबड़-खाबड़ रास्तों पर आसानी से चल सकते हैं। इन्हें औद्योगिक निरीक्षण, आपदा राहत, सुरक्षा पेट्रोलिंग और रिसर्च जैसे कामों में इस्तेमाल किया जा सकता है। जहां पहियों वाली मशीनें फंस जाती हैं, वहां यह रोबोट बेहतर काम कर सकते हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के प्रोजेक्ट भारत में रोबोटिक्स और ऑटोमेशन को आगे बढ़ाने में मदद करेंगे और तकनीकी आत्मनिर्भरता को मजबूत करेंगे।

Advertisement

ट्विटर पोस्ट

यहां देखें वीडियो

Advertisement

चर्चा

भारत में रोबोटिक्स का बढ़ता कदम

टेक विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे देसी रोबोट भारत में हार्डवेयर निर्माण की दिशा में बड़ा संकेत हैं। लंबे समय तक भारत सॉफ्टवेयर क्षमता के लिए जाना जाता रहा है, लेकिन अब कंपनियां मैकेनिकल डिजाइन और कंट्रोल सिस्टम पर भी काम कर रही हैं। अगर ऐसे प्रोजेक्ट सफल होते हैं तो भविष्य में रक्षा, उद्योग और सार्वजनिक सुरक्षा जैसे क्षेत्रों में घरेलू तकनीक का इस्तेमाल बढ़ सकता है। इससे विदेशी तकनीक पर निर्भरता भी धीरे-धीरे कम हो सकती है।

Advertisement