चंद्रयान-मंगलयान से जुड़े ऑप्टिमाइज्ड ग्रुप ने सैटेलाइट निर्माण में रखा कदम
अहमदाबाद की ऑप्टिमाइज्ड ग्रुप अब सैटेलाइट बनाने के काम में भी उतर गई है। इस ग्रुप ने कई सालों तक दूसरों के लिए स्पेस टेक्नोलॉजी पर काम किया है, जिसमें चंद्रयान और मंगलयान जैसे मिशन भी शामिल हैं। उनके पास पहले से ही सैटेलाइट के ऑर्डर आ चुके हैं।
कंपनी को उम्मीद है कि अगले साल से सैटेलाइट बेचना ही उनका मुख्य बिजनेस बन जाएगा और यह उनके पुराने टेस्टिंग और फैब्रिकेशन के काम को पीछे छोड़ देगा।
1,100 करोड़ रुपये सालाना कमाई का लक्ष्य
ऑप्टिमाइज्ड ग्रुप के पहले 2 सैटेलाइट धरती पर नजर रखने और अंतरिक्ष में ट्रैफिक को ट्रैक करने का काम करेंगे। खास बात यह है कि इस मामले में वे बेंगलुरु की स्टार्टअप डिगांतरा से भी मुकाबला करेंगे। इसके अलावा, कंपनी iDEX प्रोग्राम के तहत एक रक्षा प्रोजेक्ट पर भी काम कर रही है।
कंपनी ने अगले 3 सालों में सालाना 1,100 करोड़ रुपये का राजस्व हासिल करने का लक्ष्य रखा है, जिसमें से लगभग आधा हिस्सा रक्षा तकनीक से आने की उम्मीद है। हालांकि, अभी भी कंपनी आयातित पार्ट्स पर निर्भर है। इस निर्भरता को कम करने के लिए वह अपने खुद के सेंसर बनाने की योजना बना रही है।
इन सेंसर्स को बाजार में आने में अभी कम से कम 5 साल लगेंगे। जैसे-जैसे कंपनी आगे बढ़ेगी, वह आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (IPO) के जरिए शेयर बाजार में भी आ सकती है।