TMC से निष्कासित ऋतब्रता बनर्जी बने विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष, ममता को सलाहकार बनाने की पेशकश
क्या है खबर?
पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (TMC) से निष्कासित बागी विधायक ऋतब्रता बनर्जी विधानसभा में विपक्ष के नेता बन गए हैं। ऋतब्रता ने विधानसभा में 58 विधायकों के समर्थन का दावा किया था, जिसके बाद बंगाल विधानसभा के अध्यक्ष रतिंद्रनाथ बोस ने बुधवार को उनके नाम पर मंजूरी दे दी। यह घटना तब सामने आई है कि जब चुनाव में 80 सीट जीतने वाली TMC ने आधिकारिक तौर पर शोभनदेव चट्टोपाध्याय को नेता प्रतिपक्ष के लिए नामित किया था।
अधिकार
नेता प्रतिपक्ष के लिए आवंटित कमरे की चाबी सौंपी
NDTV के मुताबिक, विधानसभा के स्पीकर ने ऋतब्रता को नेता प्रतिपक्ष के रूप में मंजूरी देने के बाद राज्य विधानसभा में इस पद के नेता के लिए आवंटित कमरे की चाबियां भी उनको सौंप दी है। बता दें कि ऋतब्रता ने जो पत्र विधानसभा अध्यक्ष को सौंपा है, उसमें अभी भी पार्टी की नेता के नाम के आगे ममता बनर्जी का नाम लिखा है। पूर्व मुख्यमंत्री ममता ने भाजपा पर पार्टी को तोड़ने की कोशिश करने का आरोप लगाया है।
नेता
ममता बनर्जी ही हमारी सच्ची नेता हैं- ऋतब्रता
नेता प्रतिपक्ष के रूप में नियुक्त होने के बाद ऋतब्रता ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि औपचारिक निष्कासन के बावजूद TMC के मूलभूत नेतृत्व के प्रति उनकी संरचनात्मक निष्ठा बरकरार है। उन्होंने घोषणा की कि ममता बनर्जी ही उनकी सच्ची नेता हैं। उन्होंने वादा किया कि उनका अलग गुट विधानसभा के भीतर एक सकारात्मक, रचनात्मक और अत्यंत जिम्मेदार विपक्ष के रूप में कार्य करेगा। उन्होंने पार्टी महासचिव अभिषेक बनर्जी के नेतृत्व को भी खारिज कर दिया।
बयान
ममता को सलाहकार बनाने का प्रस्ताव
ऋतब्रता ने कहा कि पश्चिम बंगाल की 18वीं विधानसभा में TMC की 2-तिहाई बहुमत वाली विधायी टीम 'मैं' में नहीं 'हम' में विश्वास करती है। उन्होंने कहा, "हम चाहते हैं कि ममता बनर्जी हमारी मुख्य सलाहकार हों, ताकि वे हमें ऐसी सलाह दें जिससे विपक्ष के रूप में हमारी स्थिति मजबूत हो सके।" उन्होंने कहा कि TMC के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक नवगठित 18वीं विधानसभा में कोई भूमिका या अधिकार नहीं रखते हैं।
पद
ऋतब्रता को 1 जून को पार्टी ने निकाला था
ऋतब्रता और विधायक संदीपान साहा ने 27 मई को आरोप लगाए कि विपक्ष के नेता से संबंधित पार्टी के दस्तावेज पर उनके हस्ताक्षर फर्जी थे। TMC ने 1 जून को इन दोनों विधायकों को पार्टी से निकाल दिया। इसके बाद दोनों विधायकों ने कोलकाता में कई TMC विधायकों के साथ बैठक की। पूर्व TMC प्रवक्ता रिजु दत्ता ने दावा किया कि बागी विधायक खुद को असली TMC घोषित करने की तैयारी कर रहे हैं।