बंगाल चुनाव से पहले ममता बनर्जी के कथित सांप्रदायिक भाषण पर विवाद, कोलकाता में FIR दर्ज
क्या है खबर?
पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का संकट खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। अब उनके खिलाफ कोलकाता में एक FIR दर्ज की गई है। ममता पर धार्मिक भावनाओं को भड़काने का आरोप है। उनके खिलाफ हेयर स्ट्रीट थाने में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 196 (1), 351 (2) और 352 के तहत मामला दर्ज किया गया है। उनके खिलाफ शिकायत कारोबारी तुषार कांति दास ने दी है।
घटना
ममता ने कब दिया था कथित सांप्रदायिक भाषण?
कोलकाता के एस्प्लेनेड इलाके में 9 मार्च, 2026 को धार्मिक मंच पर एक कार्यक्रम हुआ था, जिसमें तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रमुख ममता शामिल हुई थीं। आरोप है कि ममता ने यहां कहा कि अगर एक खास समुदाय एकजुट हो जाए, तो इससे दूसरों के लिए गंभीर नतीजे हो सकते हैं। शिकायत में कहा गया है कि ममता का भाषण भड़काऊ था, जिससे समाज में अशांति फैल सकती थी और हिंसा भड़क सकती थी।
शिकायत
मई में भी दर्ज हो चुकी है FIR
बंगाल चुनाव हारने के बाद ममता पर यह दूसरी FIR हुई है। इससे पहले 20 मई को सिलीगुड़ी साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन में एडवोकेट रिंकी चट्टोपाध्याय सिंह ने शिकायत दी थी। उन्होंने ने भी ममता पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप लगाया था। सिंह ने तब कहा था कि पुलिस ने शुरू में मामला दर्ज करने से इनकार कर दिया था और बार-बार अनुरोध करने के बाद ही FIR दर्ज की गई है।