दिल्ली में कांवड़ यात्रा: महाजाम और शोर से छिन गई लोगों की नींद, पुलिस एक्शन पर सवाल
दिल्ली इस समय भारी ट्रैफिक जाम और शोरगुल से जूझ रही है। 9 से 11 अगस्त के बीच कांवड़ यात्रा अपने चरम पर है, और इसी के चलते शहर में ये हालात बने हुए हैं। 15,000 से ज्यादा सुरक्षाकर्मी और करीब 2,000 ट्रैफिक पुलिस अधिकारी रिंग रोड और मथुरा रोड जैसे 8 तय कांवड़ मार्गों पर तैनात किए गए हैं, फिर भी शहर को जाम और लंबी कतारों से दो-चार होना पड़ रहा है।
GT रोड 12 अगस्त तक बंद
अप्सरा बॉर्डर और यमुना ब्रिज के बीच GT रोड को 12 अगस्त तक सामान्य यातायात के लिए बंद कर दिया गया है। हालांकि, यातायात को दूसरी तरफ मोड़ने के बावजूद भीड़ कम नहीं हो रही है। भारी बारिश ने तो स्थिति को और भी बदतर बना दिया है।
वहीं, कांवड़ मार्गों के किनारे रहने वाले लोगों, खासकर फ्रेंड्स कॉलोनी और ओखला के निवासियों का कहना है कि कांवड़ियों के ट्रकों से रात भर तेज आवाज में बजने वाला संगीत उनकी नींद हराम कर देता है। उनकी शिकायतों के बावजूद पुलिस की कार्रवाई सीमित ही रही है। एक स्थानीय निवासी ने बताया, "शोर इतना असहनीय है और यह पूरी रात चलता रहता है। हम पुलिस को बार-बार फोन करते हैं, लेकिन वे कुछ नहीं करते।"