
निर्भया के दोषियों को फांसी देने के लिए तैयार हो रहे फंदे, जल्लाद की तलाश जारी
क्या है खबर?
निर्भया के दोषियों को फांसी पर लटकाने के लिए बिहार के बक्सर जेल में फंदे तैयार हो रहे हैं।
टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक, बक्सर जेल के कैदी निर्भया गैंगरेप और हत्याकांड के चार दोषियों के लिए फांसी के फंदे तैयार कर रहे हैं।
इससे पहले संसद हमले के दोषी अफजल गुरू को फांसी देने के लिए भी यहां बना फंदा इस्तेमाल किया गया था।
गौरतलब है कि बक्सर जेल में 1930 से फंदे तैयार किये जा रहे हैं।
आदेश
तीन दिन पहले मिला फंदे तैयार करने का आदेश
बक्सर जेल सुपरिटेंडेट विजय कुमार अरोड़ा ने कहा कि उन्हें 10 फंदे तैयार करने का आदेश मिला है। उन्हें यह नहीं पता कि ये फंदे किस जेल में भेजे जाएंगे।
जेल विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि तीन दिन पहले फंदे तैयार करने का आदेश मिला था।
यह आदेश ऐसे समय में मिला है जब गृह मंत्रालय ने राष्ट्रपति से निर्भया के दोषी की दया याचिका खारिज करने की सिफारिश की है।
फांसी का फंदा
एक फंदा तैयार करने में लगते हैं 3-4 दिन
अफजल गुरू के लिए फंदा तैयार करने वाले कई कैदी अब भी जेल में बंद है और उन्हें धागों से फंदा बनाना आता है। एक फंदा तैयार करने में सात लोगों को 3-4 दिन का समय लगता है।
रिपोर्ट के मुताबिक, अफजल का फंदा तैयार करने में लगभग 1,700 रुपये की लागत आई थी।
गौरतलब है कि फंदे की लंबाई फांसी लटकने वाले शख्स की लंबाई से 1.6 गुणा होनी चाहिए।
मनीला रोप
मनीला रोप के नाम से भी जाना जाता है फंदा
फंदा बनाने में लगने वाले धागे गया स्थित मानपुर से लिए जाते हैं। पहले ये धागे पंजाब के भठिंडा से मंगवाये जाते थे।
बक्सर जेल सुपरिटेंडेंट ने बताया कि देशभर में बक्सर जेल में बने फंदे ही भेजे जाते थे, लेकिन पिछले कुछ समय से दूसरी जेलों में भी फंदे बनाए जाने लगे हैं।
बक्सर जेल में बने फंदों ने एक बार भी धोखा नहीं दिया है। बता दें कि फांसी के फंदे को 'मनीला रोप' भी कहा जाता है।
दया याचिका
राष्ट्रपति के पास लंबित है निर्भया के दोषी की दया याचिका
दिल्ली में 2012 में हुए निर्भया गैंगरेप और हत्याकांड के चार दोषी तिहाड़ जेल में बंद है। इन्हें फांसी की सजा सुनाई गई है।
इनमें से एक दोषी विनय शर्मा ने इस सजा से बचने के लिए राष्ट्रपति के पास दया याचिका भेजी है।
गृह मंत्रालय ने राष्ट्रपति से इस याचिका को अस्वीकार करने की सिफारिश की है।
अगर राष्ट्रपति ऐसा करते हैं तो चारों दोषियों को फांसी लटकाने का रास्ता साफ हो जाएगा।
तैयारियां
तिहाड़ जेल में नहीं जल्लाद, तलाश जारी
माना जा रहा है कि राष्ट्रपति निर्भया के दोषी की दया याचिका को खारिज कर देंगे। इसके बाद चारों दोषियों को फांसी पर लटका दिया जाएगा।
इसे देखते हुए तिहाड़ जेल प्रशासन ने तैयारियां शुरू कर दी है। जेल में फांसी देने के लिए फिलहाल कोई जल्लाद नहीं है।
इस कारण जल्लाद मुहैया कराने के लिए अन्य जेलों से संपर्क किया गया है। तिहाड़ जेल प्रशासन की उत्तर प्रदेश के जेल प्रशासन से अनौपचारिक बातचीत चल रही है।
पेशकश
तमिलनाडु के हेड कॉन्स्टेबल ने की जल्लाद बनने की पेशकश
तमिलनाडु पुलिस के एक हेड कॉन्स्टेबल ने निर्भया के दोषियों को फांसी पर लटकाने के लिए जल्लाद बनने की पेशकश की है।
दिल्ली जेल विभाग को लिखे पत्र में हेड कॉन्स्टेबल सुभाष श्रीनिवास ने कहा कि वो दिल्ली की जेल में जल्लाद का काम करना चाहते हैं और इसके लिए किसी तरह का भुगतान नहीं लेंगे।
उन्होंने कहा कि देशहित का काम करने के लिए उन्होंने यह पेशकश की है।