लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे बना नहीं कि टूटने लगा, NHAI और IIT-खड़गपुर कर रहे जांच
लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर एक बार फिर नई दरारें उभर आई हैं। इन दरारों के चलते किलोमीटर 29.7 और किलोमीटर 30.3 के बीच 1.5 किलोमीटर लंबा ट्रैफिक डायवर्जन करना पड़ा है।
8 अगस्त को इंजीनियरों ने इन नई दरारों को देखा, जिसके बाद तुरंत मरम्मत का काम शुरू कर दिया गया ताकि मामला और न बिगड़े। गौरतलब है कि एक्सप्रेसवे के जुलाई में लॉन्च होने के कुछ ही हफ्तों बाद यह स्थिति बनी है।
लखनऊ-कानपुर दरारों पर NHAI और IIT-खड़गपुर की जांच
फिलहाल, ट्रैफिक को सड़क के एक ही तरफ मोड़ दिया गया है, जिस वजह से गाड़ियों की रफ्तार धीमी पड़ गई है और जाम लग रहा है। मरम्मत का काम रविवार सुबह तक पूरा करने के लिए टीमें तेजी से जुटी हुई हैं। इस बीच, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) और IIT-खड़गपुर इन दरारों के बार-बार उभरने की वजह की जांच कर रहे हैं।
उन्होंने एक्सप्रेसवे पर 60 से ज्यादा जगहों से नमूने जमा किए हैं और सड़क की गुणवत्ता जांचने के लिए लेजर-बीम सिस्टम का भी इस्तेमाल कर रहे हैं। टोल वसूली बंद होने के बाद से एक्सप्रेसवे पर ट्रैफिक लगभग दोगुना हो गया है।
अधिकारियों ने घटिया काम के लिए ठेकेदार PNC इंफ्राटेक के खिलाफ भी कार्रवाई शुरू कर दी है, ताकि इस अहम मार्ग को जल्द से जल्द वापस सामान्य किया जा सके।