ED ने फर्जी सरकारी नौकरी घोटाले में 6 राज्यों के 15 ठिकानों पर छापा मारा
क्या है खबर?
प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने गुरुवार को फर्जी सरकारी नौकरी घोटाले के मामले में गिरोह चलाने वालों के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाया है। केंद्रीय एजेंसी ने इस सिलसिले में कुल 6 राज्यों के 15 से अधिक ठिकानों पर तलाशी ली है। यह अभियान गुरुवार तड़के शुरू हुआ, जो अभी तक जारी है। आरोप है कि गिरोह ने विभिन्न सरकारी विभागों के लिए फर्जी नियुक्ति पत्र जारी करके उम्मीदवारों को धोखा दिया था।
छापा
कहां-कहां पहुंची टीम
बिहार में ED का पटना क्षेत्रीय कार्यालय अभियान का नेतृत्व कर रहा है, जिसमें बिहार में 3, पश्चिम बंगाल में 2, केरल में 4, तमिलनाडु-गुजरात में 1-1 और उत्तर प्रदेश में 4 ठिकाने शामिल हैं। केंद्रीय टीम बिहार के मुजफ्फरपुर, मोतिहारी, पश्चिम बंगाल के कोलकाता, केरल के एर्नाकुलम, पंडालम, अडूर और कोडुर, तमिलनाडु के चेन्नई, गुजरात के राजकोट और उत्तर प्रदेश के गोरखपुर, प्रयागराज और लखनऊ में कई-कई जगह पहुंची है। अभियान में संबंधित राज्य पुलिस बल भी शामिल है।
घोटाला
सबसे पहले रेलवे में पता चला था घोटाला
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सबसे पहले घोटाले का पता भारतीय रेलवे में पता चला, जो बाद में वन विभाग, रेलवे भर्ती बोर्ड (RRB), भारतीय डाक, आयकर विभाग, हाई कोर्ट, लोक निर्माण विभाग (PWD), बिहार सरकार, दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA), राजस्थान सचिवालय समेत 40 से अधिक सरकारी संगठनों और विभागों तक फैल गया। जांच में पता चला कि आरोपियों ने सरकारी डोमेन की नकल कर फर्जी ईमेल खातों का इस्तेमाल करके फर्जी नियुक्ति और तैनाती पत्र जारी किए थे।
जानकारी
वेतन भी दे रहे थे अपराधी
जांच में पता चला है कि विश्वास हासिल करने के लिए अपराधियों ने कुछ पीड़ितों को दो से तीन महीने तक शुरुआती वेतन का भुगतान भी किया था, जिन्हें भारतीय रेलवे में सुरक्षाकर्मी, यात्रा टिकट परीक्षकों (TTE) और तकनीशियन के पद पर रखा गया था।