दिल्ली दंगा साजिश मामले में उमर खालिद और शरजील इमाम की जमानत याचिका फिर खारिज
क्या है खबर?
दिल्ली हाई कोर्ट ने बुधवार को दिल्ली दंगों की साजिश के मामले में उमर खालिद और शरजील इमाम की जमानत एक बार फिर याचिका खारिज कर दी। सुप्रीम कोर्ट ने जनवरी 2026 में दंगे की साजिश से जुड़े 5 लोगों को जमानत दी थी, लेकिन खालिद और इमाम को राहत से इनकार कर दिया गया था। इसके बाद उन्होंने जमानत याचिकाओं का यह वर्तमान दौर दायर किया। यह तीसरी बार है जब हाई कोर्ट दोनों की जमानत खारिज की है।
याचिका
जुलाई में निचली अदालत से रद्द हुई थी याचिका
हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति प्रतिभा एम सिंह और दिनेश भट्ट की खंडपीठ ने बुधवार को दोनों की जमानत याचिका रद्द करने का आदेश पारित किया।
बता दें कि दोनों ने सबसे पहले निचली अदालत में याचिका दायर की, जिसने 4 जुलाई को उनकी याचिका खारिज कर दी, जिसके बाद वे हाई कोर्ट पहुंचे थे।
दिल्ली पुलिस ने इमाम और खालिद को 2020 के दिल्ली दंगों का मुख्य साजिशकर्ता बताते हुए और उनकी जमानत याचिकाओं का विरोध किया था।
विरोध
पुलिस ने जमानत याचिका को गुमराह करने वाला बताया
दिल्ली पुलिस ने जमानत याचिका को "अवैध" और अदालत को "गुमराह" करने का प्रयास बताते हुए उसका विरोध किया था।
इसमें तर्क दिया गया कि सुप्रीम कोर्ट ने जनवरी 2026 के अपने फैसले में इमाम और खालिद को दंगों का कथित "मुख्य साजिशकर्ता" बताया था और इसलिए, उनकी निरंतर हिरासत उचित है।
पुलिस ने कहा कि इमाम और खालिद ने जनवरी के आदेश में सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों को गलत समझा था।