बिहार के फर्जी UPSC टॉपर रंजीत यादव गिरफ्तार, पुरुष संगठन ने उठाए सवाल
क्या है खबर?
बिहार के शेखपुरा में संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की परीक्षा में 440वीं रैंक पाने का दावा करने वाले फर्जी टॉपर रंजीत यादव को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। युवक महुली थाना क्षेत्र के फतेहपुर गांव का निवासी है। उसे सोमवार रात को पकड़ा गया है। आरोपी यादव के फर्जी दावे के बाद पुलिस और स्थानीय नेता उसका सम्मान करने पहुंच गए थे, लेकिन हकीकत सामने आने के बाद उसे लोगों को गुमराह करने के आरोप में पकड़ा है।
विरोध
रंजीत यादव की गिरफ्तारी का पुरुष संगठन ने विरोध किया
पुरुषों के अधिकार से जुड़े संगठन NCM इंडिया ने यादव की गिरफ्तारी का विरोध किया है। संगठन ने एक्स पर लिखा कि उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर की शिखा जाटव ने 113वीं और बिहार के आरा की आकांक्षा सिंह ने 301वीं रैंक पाने का झूठा दावा किया, लेकिन उनकी गिरफ्तार नहीं हुई। संगठन ने कहा कि जब महिलाओं को गिरफ़्तार नहीं किया, तो फिर इसी अपराध में रंजीत क्यों गिरफ़्तार है? संगठन ने कहा, 'सबको गिरफ्तार करो, या किसी को नहीं।'
मामला
रंजीत यादव के सम्मान के बाद बना था मजाक
कर्नाटक में रहने वाले रंजीथ नाम के युवक ने 440वीं रैंक हासिल की थी, लेकिन शेखपुरा के रंजीत यादव ने खुद को टॉपर अभ्यर्थी बताकर प्राचर कर दिया। इसके बाद उसका गांव में सम्मान हुआ। पूर्व विधायक विजय सम्राट, स्थानीय सरफराज मुखिया और महुली थाना अध्यक्ष राम प्रवेश भारती भी उसे सम्मानित करने पहुंचे। इस दौरान रंजीत ने भाषण भी दिया। हालांकि, उसका भाषण वायरल होने पर लोगों को शक हुआ और जांच में उसकी पोल खुल गई।
ट्विटर पोस्ट
रंजीत यादव की गिरफ्तारी
Shikha Jatav from Bulandshahr in UP falsely claimed that she secured AIR 113 in UPSC but no one arrested her.
— NCMIndia Council For Men Affairs (@NCMIndiaa) March 17, 2026
Akanksha Singh from Arrah in Bihar falsely claimed that she secured AIR 301 in UPSC but no one arrested her.
But Ranjit Yadav from Shekhpura in Bihar who falsely claimed… https://t.co/3la5R2aZWg pic.twitter.com/7jXxuaO2dU