काजीरंगा का सुरक्षा कवच घटाने की तैयारी, ESZ की सीमा 10 से घटकर होगी एक किलोमीटर
असम सरकार काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के चारों ओर बने इको-सेंसिटिव जोन (ESZ) की सीमा को 10 किलोमीटर से घटाकर सिर्फ 1 किलोमीटर करने की मांग करने जा रही है। सरकार का कहना है कि इस बदलाव से बोकाखाट जैसे शहरों में स्थानीय विकास के कई प्रोजेक्ट्स को तेजी मिलेगी, जो अब तक कड़े नियमों के कारण रुके हुए थे। उनका कहना है कि काजीरंगा के लिए अंतिम ESZ अधिसूचना जारी होने के बाद वे एक औपचारिक प्रस्ताव तैयार करेंगे, ताकि नए निर्माण और वन्यजीवों के संरक्षण के बीच संतुलन बिठाया जा सके।
पर्यावरणवादियों ने दी चेतावनी
पर्यावरणविदों को यह विचार बिल्कुल भी रास नहीं आ रहा है। कार्यकर्ता दिलीप नाथ को डर है कि इस कदम से एक सींग वाले गैंडे जैसे जानवरों को बड़ा खतरा हो सकता है। उनका मानना है कि यह सुप्रीम कोर्ट के 2022 के उस आदेश का उल्लंघन कर सकता है, जिसमें जानवरों के प्रजनन के लिए पर्याप्त जगह और उनके भोजन के लिए घास के मैदानों के संरक्षण का जिक्र है। चूंकि काजीरंगा का वन्यजीवन कई लुप्तप्राय प्रजातियों का घर है। ऐसे में कई लोग सरकार से आग्रह कर रहे हैं कि वे कोई भी बड़ा फैसला लेने से पहले सावधानी से विचार करें।