
तेलंगाना में सोनू सूद के फैंस ने बनाया अभिनेता का मंदिर
क्या है खबर?
इस साल कोरोना वायरस की वजह से हुए लॉकडाउन के कारण लाखों प्रवासी मजदूर बेरोजगार हो गए। ऐसे में कई राज्यों से मजदूर पैदल ही अपने-अपने गांवों की ओर रवाना होने लगे थे। उनकी ऐसी हालत देख अभिनेता सोनू सूद मदद करने से खुद को रोक नहीं पाए।
उन्होंने बहुत प्रवासियों को न सिर्फ उनके घर पहुंचाया, बल्कि इनके खाने-पीने का भी इंतजाम किया।
अब इन फैंस ने सोनू का आभार जताते हुए उनका एक मंदिर बना दिया है।
मंदिर
तेलंगाना में बना सोनू का मंदिर
सोनू ने लॉकडाउन में जरूरतमंद लोगों के लिए काम किए, जिसके चलते लोगों ने उन्हें मसीहा नाम दे दिया है।
अब 47 वर्षीय अभिनेता के चाहने वालों ने उनका मंदिर बनवाकर उन्हें भगवान का दर्जा दे डाला है।
दरअसल, तेलंगाना के सिद्दीपेट जिले के गांव डुब्बा टांडा के लोगों ने सोनू को सम्मानित करने के लिए उनका मंदिर बनाया है। इस काम में सिद्दीपेट के जिला अधिकारियों ने भी उनकी मदद की है।
ओपनिंग
रविवार को खुला सोनू का मंदिर
'दबंग' में बेहतरीन किरदार निभाने वाले अभिनेता सोनू के सम्मान में बनाया गया यह मंदिर बीते रविवार यानी 20 दिसंबर को स्थानीय लोगों की मौजूदगी में खोला गया है।
यहां सोनू की एक मूर्ति लगाई गई है। इस दौरान सभी लोग पारंपरिक पोशाकें पहने हुए दिखे। लोगों ने यहां सोनू सूद की मूर्ति की आरती भी उतारी।
पूजा के समय स्थानीय महिलाओं ने कुछ लोकगीत भी सोनू की मूर्ति के आगे गाए।
बयान
जिला परिषद ने की सोनू की तारीफ
सोनू की तारीफ करते हुए जिला परिषद मेंबर गिरी कोंडल रेड्डी ने कहा कि कोरोना के दौरान सोनू ने लोगों की काफी मदद की है। इसीलिए उनका स्थान भगवान जैसा है और उनके लिए मंदिर बनवाया गया है।
नेक काम
सोनू के नेक काम ने उन्हें बनाया "भगवान"
मंदिर की योजना बनाने वाले संगठन में शामिल रमेश कुमार का कहना है, "सोनू ने अपने अच्छे कामों से भगवान का दर्जा हासिल कर लिया है। इसीलिए हमने उनके लिए मंदिर बनवाया है। उन्होंने 28 राज्यों के लोगों की मदद की है। जिसके लिए उन्हें कई अवॉर्ड्स भी मिले हैं।"
रमेश ने कहा, "सोनू ने लॉकडाउन में जैसे काम किया उसके लिए उन्हें देश में नहीं, बल्कि विदेशों में भी खूब सम्मान मिला।"
मदद
सोनू लगातार कर रहे हैं जरूरतमंदों की मदद
गौरतलब है कि सोनू मुंबई में फंसे प्रवासी मजदूरों को उनके घर पहुंचाने से मदद करनी शुरू की थी। इसके बाद उन्होंने अन्य राज्यों में भी फंसे प्रवासियों को उनके परिवारों के पास पहुंचाने के लिए बसों, ट्रेन और चार्टर्ड प्लेन का भी इंतजाम करवाया।
इसके अलावा उनकी टीम एक टोल फ्री नंबर और व्हाट्सऐप नंबर भी शुरू किया। सोनू ने प्रवासियों के लिए एक नौकरी पोर्टल भी शुरू किया।
अब भी वह लगातार जरूरतमंदों की मदद कर रहे हैं।
वर्क फ्रंट
इन प्रोजेक्ट्स को लेकर चर्चा में हैं सोनू सूद
सोनू के करियर की बात करें तो जल्द ही वह आदित्य चोपड़ा द्वारा निर्मित ऐतिहासिक एक्शन ड्रामा फिल्म 'पृथ्वीराज' में नजर आने वाले हैं। इसके अलावा उन्हें तमिल फिल्म 'Thamezharasan' में भी देखा जाएगा।
वहीं, वह अपनी किताब 'I Am No Messiah (मैं मसीहा नहीं हूं)' को लेकर भी चर्चा में बने हैं। जिसमें उन्होंने अपना लॉकडाउन का पूरा सफर लिखा है। उनकी यह किताब इसी महीने लॉन्च होने वाली है।