कंगना रनौत और बाबा रामदेव के बीच क्यों छिड़ा है महासंग्राम? बेडरूम तक जा पहुंचा विवाद
क्या है खबर?
अभिनेत्री और भाजपा सांसद कंगना रनौत व योग गुरु बाबा रामदेव के बीच ज़ुबानी जंग ने एक बार फिर तूल पकड़ लिया है। युवाओं (जेन-Z) को लेकर बाबा रामदेव की टिप्पणी और चरित्र पाठ सिखाने के बयान पर कंगना ने बिना नाम लिए जोरदार पलटवार किया है। कंगना ने सुप्रीम कोर्ट की उस पुरानी फटकार का जिक्र करते हुए तीखा तंज कसा, जिसने इस पूरे विवाद में एकबाबा रामदेव नया मोड़ ला दिया है। आइए पूरा विवाद जानते हैं।
विवाद की जड़
कहां से भड़का विवाद?
ये विवाद तब शुरू हुआ था, जब कंगना ने प्रदर्शनकारियों को जेन-Z गटर कहकर उन पर आजादी के दुरुपयोग का आरोप लगाया था।
फिर एक इंटरव्यू में रामदेव ने कंगना की शिक्षा और अतीत पर सवाल उठाए। जवाब में कंगना ने इंस्टाग्राम स्टोरी पर साल 2024 में भ्रामक विज्ञापनों को लेकर पतंजलि और रामदेव पर हुई सुप्रीम कोर्ट की कार्रवाई की याद दिलाई। उन्होंने साफ कहा कि कम से कम उन्हें अदालत से फर्जी दावों पर फटकार तो नहीं पड़ी।
पलटवार
"बाबा जी बेडरूम के सपने मत देखिए"
कंगना ने लिखा, 'बाबा जी, मेरी जवानी या बेडरूम को लेकर दिन में सपने देखना बंद कीजिए। अफवाहों और गॉसिप के आधार पर सिर्फ अंदाजा ही लगाया जा सकता है। कम से कम मुझे फर्जी या झूठे दावों को लेकर सुप्रीम कोर्ट से फटकार तो नहीं पड़ी। मेरी बातें गॉसिप या अंदाजों पर नहीं, बल्कि ठोस तथ्यों पर आधारित हैं, इसलिए मुझे चरित्र का पाठ मत पढ़ाइए, मेरा चरित्र आपसे तो बहुत बेहतर है... यहां कोई फर्जीवाड़ा नहीं मिला है।'
बयान
रामदेव के इस बयान पर शुरू हुआ कंगना संग महासंग्राम
बाबा रामदेव से एक कार्यक्रम के दौरान 'जेन-Z' पर कंगना रनौत की टिप्पणी के बारे में पूछा गया तो उन्होंने निशाना साधते हुए कहा, "उनका बचपन कैसा रहा है? उनकी जवानी कैसी रही है? उनके पहले के कारनामे कैसे रहे हैं? मैं ऐसे लोगों के बारे में बात नहीं करना चाहता। देश के जवानों और युवाओं को 'जनरेशन गटर' कहना बिगड़े हुए दिमाग की निशानी है।"
रामदेव ने यह भी कहा कि यह बयान एक 'खराब मानसिकता' को दर्शाता है।
जुबानी जंग
जेन-Z गटर टिप्पणी से शुरू हुई ज़ुबानी जंग
ये विवाद NEET जंतर-मंतर विरोध प्रदर्शनों के वीडियो पर कंगना के सोशल मीडिया पोस्ट से शुरू हुआ था।
एक पोस्ट में कंगना ने प्रदर्शनकारियों को 'जेन- Z गटर' बताते हुए लिखा कि उन्होंने जीवन में एक साथ इतनी भद्दापन और अभद्रता कभी नहीं देखी। उन्होंने आरोप लगाया कि ये युवा माता-पिता के पैसों पर निर्भर हैं, नशीले पदार्थों के सेवन को बढ़ावा दे रहे हैं और अपने अधिकारों व आजादी का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं।
कोर्ट केस
कंगना ने रामदेव के पुराने सुप्रीम कोर्ट केस पर साधा निशाना
साल 2024 में सुप्रीम कोर्ट ने रामदेव और पतंजलि के प्रबंध निदेशक आचार्य बालकृष्ण को भ्रामक विज्ञापनों के मामले में अदालत में तलब किया था। कोर्ट ने पतंजलि को गंभीर बीमारियों के इलाज के झूठे दावे करने और आधुनिक चिकित्सा के खिलाफ भ्रामक प्रचार फैलाने पर अवमानना नोटिस जारी किया था।
कोर्ट की सख्त फटकार के बाद रामदेव और पतंजलि ने बिना शर्त अदालत से माफी मांगी थी। कंगना ने इसी घटना का जिक्र कर रामदेव पर निशाना साधा है।