अल्लू अर्जुन क्यों पहुंचे दिल्ली हाई कोर्ट की शरण में? जल्द आएगा बड़ा फैसला
क्या है खबर?
'पुष्पा राज... झुकेगा नहीं' ये डायलॉग तो हर किसी की जुबान पर है, लेकिन अब सुपरस्टार अल्लू अर्जुन असल जिंदगी में भी अपनी पहचान और रुतबे की सुरक्षा के लिए एक बड़ी कानूनी लड़ाई के मैदान में उतर चुके हैं। क्या कोई आपकी अनुमति के बिना आपकी आवाज, आपका नाम या आपका सिग्नेचर स्टाइल इस्तेमाल कर सकता है? इसी सवाल का जवाब ढूंढने और अपनी 'पहचान' पर मोहर लगाने के लिए अल्लू ने दिल्ली हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।
मांग
व्यावसायिक मर्चेंडाइज पर रोक की मांग
अल्लू ने अपनी पहचान और व्यक्तित्व के अधिकारों की सुरक्षा के लिए दिल्ली हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। अभिनेता ने मुकदमा दायर कर मांग की है कि उनकी अनुमति और सहमति के बिना उनके नाम, तस्वीर, आवाज या उनके व्यक्तित्व से जुड़ी किसी भी विशेषता का व्यावसायिक इस्तेमाल न किया जाए। अल्लू ने अपनी सहमति के बिना व्यावसायिक लाभ के लिए मर्चेंडाइज में अपने व्यक्तित्व अधिकारों के उपयोग के खिलाफ भी राहत मांगी है।
सितारे
इन सितारों की सूची में शामिल हुए अल्लू
मोहनलाल से लेकर आर माधवन, काजोल , जूनियर एनटीआर, गायक जुबिन नौटियाल, सलमान खान, अमिताभ बच्चन, सुनील शेट्टी और शत्रुघ्न सिन्हा जैसे कई सितारों को 'पर्सनैलिटी राइट्स' के लिए कोर्ट से सुरक्षा मिल चुकी है। अब अल्लू के नाम और पहचान का व्यावसायिक दुरुपयोग राेक न हो, इसलिए अभिनेता ने भी कानूनी सुरक्षा का कवच माँगा है। कोर्ट को फैसला आने के बाद कोई भी ब्रांड बिना पैसे दिए या बिना अनुमति के उनकी फोटो का इस्तेमाल नहीं कर पाएगा।
सतर्कता
कलाकार ही नहीं, पत्रकार और पॉडकास्टर्स भी अलर्ट
दिल्ली हाई कोर्ट ने हाल ही में 'पर्सनैलिटी राइट्स' के महत्व को और अधिक विस्तार दिया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि केवल बॉलीवुड या साउथ के सितारे ही नहीं, बल्कि सार्वजनिक जीवन में सक्रिय हर जानी-मानी हस्ती को अपनी पहचान की सुरक्षा का अधिकार है। कोर्ट ने दिग्गज पत्रकार सुधीर चौधरी के व्यक्तित्व अधिकारों की रक्षा की है। उधर मशहूर कंटेंट क्रिएटर और पॉडकॉस्टर राज शमानी के मामले में कोर्ट ने 'जॉन डो' आदेश पारित किया।
रोक
विज्ञापनों और ब्रांडिंग पर पूर्ण नियंत्रण
अल्लू अर्जुन के इस कानूनी कदम से न केवल उनकी व्यक्तिगत ब्रांड वैल्यू सुरक्षित होगी, बल्कि पूरे फिल्म उद्योग और डिजिटल मार्केट पर इसका गहरा असर पड़ेगा। अब कोई भी कंपनी, चाहे वह छोटी हो या बड़ी, अल्लू की तस्वीर या उनके 'पुष्पा' वाले लुक का इस्तेमाल अपने पोस्टर या सोशल मीडिया विज्ञापनों में नहीं कर पाएगी। अगर किसी ब्रांड को उनका चेहरा इस्तेमाल करना है, तो उन्हें आधिकारिक तौर पर उन्हें साइन करना होगा और भारी-भरकम फीस चुकानी होगी।