विदेश जाने पर आपके PPF अकाउंट का क्या होगा?
क्या है खबर?
कई लोग नौकरी, पढ़ाई या दूसरे कारणों से विदेश चले जाते हैं, लेकिन ऐसे समय में उनके पुराने निवेश और बैंक अकाउंट से जुड़े नियम बदल जाते हैं। सार्वजनिक भविष्य निधि (PPF) अकाउंट भी उन्हीं में शामिल है। हालांकि, विदेश जाने या NRI बनने के बाद PPF अकाउंट तुरंत बंद नहीं होता है। अगर अकाउंट भारत में रहते हुए खुलवाया गया था, तो वह अपनी तय अवधि तक जारी रह सकता है।
#1
NRI बनने के बाद ऐसे एक्टिव रहेगा अकाउंट
NRI बनने के बाद भी PPF अकाउंट को चालू रखने के लिए हर वित्तीय वर्ष में कम से कम 500 रुपये जमा करना जरूरी होता है। अगर तय रकम जमा नहीं की जाती, तो अकाउंट इनएक्टिव हो सकता है। ऐसे में उसे दोबारा चालू कराने के लिए अलग प्रक्रिया अपनानी पड़ती है। मौजूदा नियमों के मुताबिक, NRI नया PPF अकाउंट नहीं खोल सकते। हालांकि, पहले से खुला अकाउंट उसकी मूल 15 साल की अवधि तक जारी रखा जा सकता है।
#2
मैच्योरिटी के बाद पैसे का क्या होगा
PPF अकाउंट की अवधि पूरी होने के बाद जमा रकम NRO अकाउंट में ट्रांसफर की जाती है। यह रकम सीधे विदेश नहीं भेजी जा सकती, क्योंकि PPF बैलेंस नॉन-रिपैट्रिएबल माना जाता है। हालांकि, RBI के नियमों के तहत NRO अकाउंट से हर वित्तीय वर्ष में तय सीमा तक रकम विदेश भेजी जा सकती है। NRI बनने के बाद व्यक्ति को अपने बैंक को रेजिडेंशियल स्टेटस बदलने की जानकारी देना जरूरी होता है, ताकि बैंक अकाउंट सही तरीके से अपडेट रहे।
#3
टैक्स छूट और निवेश सीमा पहले जैसी रहेगी
NRI के लिए भी PPF में निवेश की अधिकतम सीमा एक वित्तीय वर्ष में 1.5 लाख रुपये ही रहती है। PPF को भारत में सबसे अच्छे टैक्स सेविंग विकल्पों में माना जाता है। इसमें जमा रकम, मिलने वाला ब्याज और मैच्योरिटी पर मिलने वाला पैसा पूरी तरह टैक्स फ्री रहता है। इनकम टैक्स एक्ट के सेक्शन 80C के तहत टैक्स छूट का फायदा भी मिलता है। इसी वजह से सुरक्षित निवेश के लिए PPF काफी लोकप्रिय माना जाता है।