UPI से मई में हुआ रिकॉर्ड 29.9 लाख करोड़ रुपये का लेन-देन, जानिए क्या रही वजह
क्या है खबर?
गर्मियों में यात्रा और IPL 2026 के आयोजन के कारण यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) के माध्यम से मई में लेन-देन रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचा गया है। नेशनल पेमेंट्स कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, मूल्य के हिसाब से लेन-देन 29.90 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया। अप्रैल में लेन-देन का मूल्य 29.03 लाख करोड़ रुपये रहा, जबकि मई, 2025 में यह 25.14 लाख करोड़ रुपये था। इसमें सालाना आधार पर 19 फीसदी की वृद्धि हुई है।
मात्रा
मात्रा के हिसाब से भी हुआ इजाफा
मात्रा के लिहाज से पिछले महीने के दौरान 23.2 अरब लेन-देन के साथ एक नया रिकॉर्ड बनाया, जो पिछले साल की इसी अवधि में 18.67 अरब से 24 प्रतिशत अधिक है, वहीं अप्रैल में UPI लेन-देन की मात्रा 22.35 अरब दर्ज की गई थी। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की भुगतान प्रणाली रिपोर्ट से पता चलता है कि UPI के माध्यम से औसत लेन-देन राशि 2021 में 1,848 रुपये से घटकर 2025 में 1,313 रुपये हो गई है।
UPI
7 देशो में चलता है UPI
UPI पहले से ही संयुक्त अरब अमीरात (UAE), सिंगापुर, भूटान, नेपाल और मॉरीशस सहित 7 देशों में चालू है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) और भारतीय बैंक संघ (IBA) की एक पहल NPCI भारत में खुदरा भुगतान और निपटान प्रणालियों के संचालन के लिए एक छत्र संगठन है। यह UPI का संचालन करता है, जिसका उपयोग खरीदारी करते समय ग्राहकों के बीच या व्यापारियों द्वारा वास्तविक समय में भुगतान के लिए किया जाता है।