स्काईहॉप को DGCA से मिली वाणिज्यिक सी-प्लेन सर्विस शुरू करने की मंजूरी
क्या है खबर?
स्काईहॉप एविएशन को नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) से एयर ऑपरेटर सर्टिफिकेट (AOC) प्राप्त हो गया है। इससे भारत में वाणिज्यिक सी-प्लेन सेवाएं शुरू करने का रास्ता साफ हो गया है। यह प्रमाणन अप्रैल की शुरुआत में उत्तराखंड के गंगा बैराज और टिहरी झील समेत कई जगह की गई परीक्षण उड़ानों के बाद प्राप्त हुआ है। कंपनी का लक्ष्य समुद्री विमानों के संचालन के माध्यम से उन स्थानों को जोड़ना है, जहां हवाई संपर्क कम और पहुंचना मुश्किल है।
योजना
क्या है कंपनी की योजना?
पहले चरण में स्काईहॉप की योजना लक्षद्वीप के 5 द्वीपों को आपस में और मुख्य भूमि से जोड़ने की है। परिचालन की शुरुआत 19 सीटों वाले विमान से होगी। कंपनी देश के अन्य हिस्सों में भी अवसरों का मूल्यांकन कर रही है, जहां इस तरह की कनेक्टिविटी से आवागमन बेहतर हो सकता है। संस्थापक और CEO अवनी सिंह ने कहा कि सी-प्लेन नए मार्ग खोल सकते हैं और दूरदराज के क्षेत्रों तक यात्रा के समय को कम कर सकते हैं।
फायदा
सेवा शुरू होने से क्या होगा फायदा?
स्काईहॉप भारत में एक समर्पित वाणिज्यिक सी-प्लेन ऑपरेटर के रूप में विकसित हो रही है। कंपनी उन क्षेत्रों तक पहुंच बेहतर बनाने पर ध्यान केंद्रित कर रही है, जहां पारंपरिक हवाई अड्डे का बुनियादी ढांचा सीमित है या विकसित करना कठिन है। इसका उद्देश्य नए मार्ग खोलना, यात्रा का समय कम करना और जल-चालित संचालन के माध्यम से क्षेत्रीय संपर्क को बेहतर बनाना है। कंपनी ने जून, 2025 में नागरिक उड्डयन मंत्रालय से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) प्राप्त हुआ था।