शेयर बाजार में 2,000 अंक उछला सेंसेक्स, क्या है इस बड़ी तेजी की वजह?
क्या है खबर?
भारतीय शेयर बाजार में बीते दो कारोबारी दिनों की गिरावट के बाद आज (1 अप्रैल) बड़ी तेजी देखने को मिल रही है। बाजार खुलने की कुछ ही देर बाद सेंसेक्स में 2,000 अंकों की उछाल दर्ज हुई है। सेंसेक्स लगभग 2,000 अंक बढ़कर 73,918 पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी 50 करीब 600 अंक चढ़कर 22,938 पर पहुंचा। इस तेजी से निवेशकों को करीब 13 लाख करोड़ रुपये का फायदा हुआ और मार्केट में मजबूत खरीदारी दिखी।
वैश्विक तनाव
वैश्विक तनाव कम होने से बढ़ा भरोसा
आज बाजार में तेजी की बड़ी वजह वैश्विक तनाव कम होने के संकेत हैं। मध्य पूर्व में चल रहे संघर्ष के खत्म होने की उम्मीद से निवेशकों का भरोसा बढ़ा है। इससे कच्चे तेल की कीमतों में स्थिरता की उम्मीद बनी है। जब वैश्विक तनाव कम होता है, तो बाजार में जोखिम भी कम होता है और निवेशक ज्यादा पैसा लगाते हैं। इसी कारण आज शेयर बाजार में खरीदारी तेज हुई और इंडेक्स में मजबूत उछाल देखने को मिला।
ग्लोबल मार्केट
ग्लोबल मार्केट में मजबूती का असर
दुनिया के दूसरे बाजारों में भी तेजी देखने को मिली, जिसका असर भारत पर पड़ा है। एशियाई बाजारों में 4 प्रतिशत से 7 प्रतिशत तक की बढ़त दर्ज की गई। वहीं अमेरिका के बाजारों में भी 3 प्रतिशत से 4 प्रतिशत तक उछाल आया। जब ग्लोबल मार्केट मजबूत होते हैं, तो भारतीय बाजार में भी सकारात्मक माहौल बनता है। इसी वजह से घरेलू निवेशकों के साथ विदेशी निवेशकों की दिलचस्पी भी बढ़ी और बाजार में तेजी आई।
डॉलर
डॉलर और ब्याज दरों में गिरावट से राहत
डॉलर इंडेक्स 100 के नीचे आ गया है और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड भी घटकर करीब 4.3 प्रतिशत पर पहुंच गया है। इससे भारत जैसे देशों के लिए निवेश का माहौल बेहतर होता है। डॉलर कमजोर होने से विदेशी निवेशकों के लिए भारतीय बाजार में पैसा लगाना आसान हो जाता है। इससे बाजार में कैश फ्लो बढ़ता है और शेयरों की कीमतें ऊपर जाती हैं। इसी वजह से आज बाजार में तेजी को और मजबूती मिली।
अन्य
सस्ते शेयर और तकनीकी संकेत बने कारण
हाल के दिनों में बाजार में करीब 10 प्रतिशत से ज्यादा गिरावट आई थी, जिससे कई बड़े शेयर सस्ते हो गए थे। इसका फायदा उठाते हुए निवेशकों ने खरीदारी शुरू की है। इसके साथ ही, निफ्टी ने 22,700 के अहम स्तर को पार किया और 22,900 के करीब पहुंच गया, जो एक मजबूत संकेत माना जाता है। ऐसे तकनीकी संकेत बाजार में भरोसा बढ़ाते हैं और निवेशक आगे भी तेजी की उम्मीद में खरीदारी जारी रखते हैं।