राजस्थान सरकार के खिलाफ कोर्ट का दरवाजा खटखटा सकती है बिड़ला कॉर्पोरेशन, जानिए क्या मामला
क्या है खबर?
राजस्थान सरकार ने गौरम खान की धाणी (दक्षिण) चूना पत्थर ब्लॉक के लिए MP बिड़ला समूह की प्रमुख कंपनी बिड़ला कॉर्पोरेशन की बोली को खारिज कर दिया है। कंपनी ने शनिवार (3 जनवरी) को बताया कि राजस्थान सरकार के खान एवं पेट्रोलियम विभाग ने 31 दिसंबर, 2025 के एक आदेश के माध्यम से उसकी बोली को अस्वीकार कर दिया है। इससे पहले उसे पसंदीदा बोलीदाता घोषित किया था। अब कंपनी इस मामले में कार्रवाई की योजना बना रही है।
बोली
पहले बताया था पसंदीदा बोलीदाता
बिड़ला कॉर्पोरेशन को पसंदीदा बोलीदाता का दर्जा उसकी ओर से 499.6394 हेक्टेयर क्षेत्र में फैले चूना पत्थर ब्लॉक के लिए प्रस्तुत की गई उच्चतम अंतिम मूल्य पेशकश (20.60 फीसदी) के आधार पर दिया गया था। अब निविदा दस्तावेज के खंड 14.11 के अंतर्गत शक्तियों का प्रयोग करते हुए बोली को अस्वीकृत कर दिया। आदेश के अनुसार, कंपनी की बोली क्षेत्र में इसी तरह के अन्य चूना पत्थर ब्लॉकों की नीलामी में प्राप्त बोलियों की तुलना में अपेक्षाकृत कम पाई गई।
आरोप
कंपनी ने राज्य सरकार पर लगाया आरोप
बिड़ला कॉर्पोरेशन ने कहा कि उसने लागू कानूनों और निविदा शर्तों के अनुसार ई-नीलामी प्रक्रिया में भाग लिया था। उसने सभी प्रक्रियात्मक आवश्यकताओं का अनुपालन किया, जिसमें निर्धारित समय सीमा के भीतर लागू अग्रिम भुगतान जमा करना भी शामिल था। खान एवं पेट्रोलियम विभाग ने बोली अस्वीकृत करने के अपने आदेश में इस भुगतान को स्वीकार किया है। वह आगे की कार्रवाई के लिए मामले की जांच कर रही है, जिसमें कानूनी कार्रवाई की संभावना भी शामिल है।