PNG कनेक्शन काटने का डर दिखाकर की जा रही ठगी, जानिए इससे कैसे बचें
क्या है खबर?
सरकार ने पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) की उपलब्धता वाले क्षेत्रों के उपभोक्ताओं के लिए 3 महीने के भीतर PNG कनेक्शन लेना अनिवार्य कर दिया है। अन्यथा, उनके लिए लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (LPG) सिलेंडर की आपूर्ति रोक दी जाएगी। इस फैसले के बाद जहां PNG पाइपलाइन है, वहां तेजी से कनेक्शन लिए जा रहे हैं, वहीं साइबर ठग इसका फायदा उठा कर धोखाधड़ी कर रहे हैं। आइये जानते हैं PNG गैस स्कैम कैसे हो रहा और इससे कैसे बचें।
लक्ष्य
ऐसे की जा रही ठगी
इस तरह की ठगी ज्यादातर इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (IGL) के ग्राहकों के साथ हो रही है। साइबर अपराधी PNG गैस कंपनी के नाम पर फर्जी SMS या कॉल करते हैं। मैसेज में लिखा होता है कि आपका गैस कनेक्शन जल्द ही काट दिया जाएगा, इसलिए तुरंत बकाया बिल भरें। ग्राहक डर और जल्दबाजी का फायदा उठाकर भुगतान कर देते हैं। मैसेज में फर्जी नंबर भी दिया जाता है, जो पेमेंट होने के बाद बंद हो जाता है।
गलतियां
इन गलतियों के कारण आसान हो जाती है ठगी
जालसाज ऑनलाइन भुगतान करने वाले नए PNG गैस का इस्तेमाल करने ग्राहकों को लक्ष्य बनाते हैं। इसके अलावा कंपनी के बिलिंग सिस्टम अनजान और बुजुर्ग इनके झांसे में आसानी से आ जाते हैं। लोग कुछ गलतियां कर इनके जाल में आसानी से फंस जाते हैं। वे डर या जल्दबाजी में फैसला लेना, अनजान कॉल या मैसेज पर भरोसा करना, OTP या पिन शेयर करना, फर्जी लिंक पर क्लिक करना, रिमोट एक्सेस ऐप इंस्टॉल करना जैसी गलतियां कर बैठते हैं।
बचाव
इस तरह ठगी से रह सकते हैं सुरक्षित
इस तरह की धोखाधड़ी से बचने के लिए पेमेंट हमेशा गैस कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप से करें। मैसेज में आए लिंक से भुगतान करने की गलती न करें। कस्टमर ID और बिल डिटेल्स पहले वेरिफाई कर लें और अनजान नंबर या कॉल पर भरोसा न करें। भुगतान करने से पहले प्राप्त करने वाले का नाम जरूर चेक करें। इसके साथ ही QR कोड स्कैन करते समय सावधानी रखें और भुगतान का स्क्रीनशॉट या रसीद सुरक्षित रखें।